पाली

पंचायती राज विभाग और बीडीओ को नोटिस, हाईकोर्ट ने छह सप्ताह में किया जवाब-तलब

-बीडीओ ने गत 13 नवंबर को लगाई थी प्रशासनिक व वित्तीय कार्य करने पर रोक
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Dec 25, 2018
Notice to Panchayati Raj Department and BDO
पंचायती राज विभाग और बीडीओ को नोटिस, हाईकोर्ट ने छह सप्ताह में किया जवाब-तलब

पाली/जोधपुर। राजस्थान हाईकोर्ट के न्यायाधीश इंद्रजीत सिंह ने पाली जिले की रानी पंचायत समिति के विकास अधिकारी की ओर से रानी कलां सरपंच संतोष पर प्रशासनिक और वित्तीय कार्य करने पर लगाई गई रोक के आदेश के क्रियान्वयन पर अंतरिम रोक लगा दी। साथ ही पंचायती राज विभाग और बीडीओ को नोटिस जारी कर छह सप्ताह में जवाब तलब किया है।

याचिकाकर्ता की ओर से सुशील सोलंकी ने कहा कि याची के खिलाफ किसी झूठी शिकायत के मद्देनजर एसीबी की ओर से दर्ज कराई एफआइआर पर अनुसंधान जारी है। इस दौरान रानी पंचायत समिति के विकास अधिकारी ने गत 13 नवंबर को आदेश जारी कर सरपंच के वित्तीय व प्रशासनिक कार्य करने पर रोक लगा दी। उन्होंने कहा कि याचिकाकर्ता को विभाग की राजस्थान पंचायती राज एक्ट 1994 की धारा 38 के तहत निलंबित नहीं किया गया है, लेकिन विकास अधिकारी ने उसके समान आदेश जारी कर अपने क्षेत्राधिकार का उल्लंघन किया है। जबकि विकास अधिकारी को सरपंच को निलंबित करने का अधिकार नहीं है।

नहीं हो सकी ग्राम सभा, सरपंच पर रजिस्ट्रर खींचने का आरोप
मामला थाने पहुंचा, जांच में जुटी पुलिस
रानी। ग्राम पंचायत रानी कलां की ग्राम सभा सोमवार को नहीं हो सकी। ग्राम विकास अधिकारी ने सरंपच संतोष भाटी पर ग्राम सभा विवरण रजिस्ट्रर हाथों से खींचकर ले जाने का आरोप लगाया है। मामला थाने पहुंच गया, पुलिस मामले की जांच कर रही है। ग्राम पंचायत रानी कलां ग्राम विकास अधिकारी देवीसिंह सान्दू ने बताया कि समिति के आदेशानुसार जीपीडीपी प्लान सहित अन्य योजनाओं के कार्य अनुमोदन के लिए ग्राम सभा का आयोजन रखा गया था, लेकिन ग्राम सभा में सरपंच संतोष भाटी ने उसके हाथ से ग्राम सभा रजिस्ट्रर खींच कर ले गई। इससे ग्राम सभा नहीं हो सकी। इस दौरान कार्यवाहक विकास अधिकारी विमलेश राठौड़, पंचायत प्रसार अधिकारी शंकरलाल बुनकर, समिति सदस्य हंसाराम भाटी, कनिष्ठ अभियंता अनिल विश्नोई, उपसरपंच नारायणललाल, वार्ड पंच वनाराम, मुकेश, जगदीश, ललिता भाटी मौजूद थे। मामला शाम को थाने पहुंच गया। फिलहाल मामला दर्ज नहीं किया गया है।

रिश्वत के मामले में हो चुके हैं ट्रेप
दीपावली से पूर्व नाला निर्माण नहीं करवाने के एवज मे सरपंच व उसका पति रंगे हाथों एसीबी जोधपुर द्वारा गिर तार किए जा चुके है। इस मामले में उनको जमानत मिली हुई है।

Updated on:
25 Dec 2018 12:21 pm
Published on:
25 Dec 2018 12:21 pm