पाली

निजी स्कूलो को शिक्षा विभाग ने दी हिदायत, करना होगा ये काम नही तो मान्यता हो सकती है रद्द

-जिला शिक्षा अधिकारी ने चेताया, फीस कमेटी बनाकर सूचना नहीं दी तो मान्यता निरस्ती के प्रस्ताव भेजेंगे  

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Apr 27, 2018

पाली. जयपुर की कुछ बड़ी स्कूलों में छात्रों से मनमर्जी की फीस वसूलने की शिकायतों और अभिभावकों के विरोध के बाद पूरे प्रदेश में शिक्षा विभाग ने निजी स्कूलों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है। विभाग ने प्रदेश में फीस एक्ट की पालना नहीं करने के मामले में हजारों निजी स्कूलों को नोटिस थमा दिया है। उन्हें हिदायत दी गई है कि या तो वे स्कूल स्तरीय फीस कमेटी बनाकर कानून का पालन करें या फिर स्कूल का संचालन बंद कर दें। उन्हें तय फीस की सूचना प्राइवेट स्कूल पोर्टल पर अपलोड कर संबंधित जिशिअ कार्यालय को सूचित करने के निर्देश भी दिए गए हैं। जिशिअ कार्यालय की ओर से प्रशासनिक आदेश नहीं मानने की दशा में स्कूल की मान्यता खत्म करने की चेतावनी दी गई है।

हर जगह बढ़ रहा विरोध

प्रदेश में निजी स्कूलों की मनमानी फीस को लेकर निजी स्कूल प्रबंधनों और अभिभावकों में विवाद बढ़ता जा रहा है। अभिभावकों का आरोप है कि स्कूल संचालक फीस एक्ट के प्रावधानों की पालन नहीं कर रहे हैं। शिक्षा विभाग के पास भी यह फीडबैक है कि हजारों निजी स्कूलों ने फीस एक्ट के आधार पर स्कूल स्तरीय फीस कमेटी नहीं बनाई है और वे अध्ययनरत बच्चों के अभिभावकों से मनमानी फीस वसूल रहे हैं। नियमानुसार यह कमेटी निजी स्कूलों को छह माह पहले ही बना लेनी चाहिए थी।

अब जारी की चेतावनी

जिला शिक्षा अधिकारी (माध्यमिक) पन्नालाल अहीर ने गुरुवार को एक विज्ञप्ति जारी कर निजी स्कूलों को चेताया है। इसमें निजी स्कूल संचालकों से 27 अप्रेल तक फीस कमेटी बनाकर इसकी सूचना जिशिअ कार्यालय को देने और पोर्टल पर अपलोड करने को कहा गया है। ऐसा नहीं करने की दशा में संबंधित स्कूलों की मान्यता निरस्त करने के प्रस्ताव उच्चाधिकारियों को भेजने की हिदायत दी गई है। गौरतलब है कि जयपुर में निजी स्कूल प्रबंधन और शिक्षा विभाग के अफसरों के बीच पैदा हुए विवाद के बाद निदेशक नथमल डिडेल ने ऐसे सभी निजी स्कूलों को नोटिस जारी करने को कहा है, जिन्होंने फीस एक्ट की पालना नहीं की है। यहां उल्लेखनीय है कि एक्ट की पालना के अभाव में स्कूलों पर राजस्थान गैर सरकारी शैक्षिक संस्था अधिनियम 1989 और नियम 1993 के नियम 07 के तहत मान्यता समाप्त और एनओसी निरस्त करने की कार्रवाई हो सकती है।

Published on:
27 Apr 2018 02:30 pm
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