पटना की परसा बाजार पुलिस ने एक साल पुरानी मर्डर मिस्ट्री में चौंकाने वाला खुलासा किया है। जांच में पता चला है कि प्रेमिका ने अपने पुराने प्रेमी के ब्लैकमेल से तंग आकर अपने देवर के साथ मिलकर उसका गला रेत दिया।
Bihar Crime News: पटना के परसा बाजार थाना इलाके में एक साल पहले मिली एक युवक की लाश की गुत्थी पुलिस ने सुलझा ली है। पुलिस जांच में पता चला है कि युवक अपनी पुरानी गर्लफ्रेंड को अश्लील फोटो और वीडियो दिखाकर ब्लैकमेल कर रहा था। तंग आकर युवती ने अपने देवर और एक और दोस्त के साथ मिलकर उसकी हत्या की साजिश रची। पुलिस ने इस मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि एक की तलाश जारी है।
पुलिस अधीक्षक परिचय कुमार ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि 18 मार्च, 2025 को परसा बाजार इलाके में एक अनजान युवक की गला रेती हुई लाश मिली थी। मृतक के शरीर पर धारदार हथियार के कई निशान थे। उस समय पुलिस लाश की पहचान नहीं कर पाई थी, जिसके बाद उन्होंने अनजान लाश का मामला दर्ज करके जांच शुरू की।
परिचय कुमार ने बताया कि कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) और दूसरे टेक्निकल सबूतों की जांच के बाद मृतक की पहचान जहानाबाद के रहने वाले महादेव शाह के तौर पर हुई। जांच के दौरान पुलिस को कई संदिग्ध कॉल डिटेल्स मिलीं, जिनके आधार पर मामले की कड़ियां जुड़ती चली गईं। इसके बाद पुलिस ने मृतक की गर्लफ्रेंड पुष्पा देवी, उसके देवर आलोक कुमार और ऑटो ड्राइवर सनी कुमार को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस पूछताछ में मुख्य आरोपी पुष्पा देवी ने चौंकाने वाले खुलासे किए। पुष्पा की शादी 2022 में अभिमन्यु पासवान से हुई थी। शादी से पहले उसका महादेव शाह से प्रेम संबंध था। शादी के बाद पुष्पा नई जिंदगी शुरू करना चाहती थी, लेकिन महादेव उसे छोड़ने को तैयार नहीं था। वह पुष्पा की न्यूड फोटो और वीडियो से उसे ब्लैकमेल करने लगा। वह लगातार उस पर फिजिकल रिलेशन बनाने का दबाव बनाता था, जिससे पुष्पा की शादीशुदा जिंदगी में बहुत तनाव आ गया था।
रोज के टॉर्चर से तंग आकर पुष्पा ने अपने देवर आलोक कुमार को यह बात बताई। दोनों ने मिलकर महादेव को खत्म करने का फैसला किया। प्लान के मुताबिक, 17 मार्च, 2025 को पुष्पा ने महादेव को मिलने के बहाने बुलाया। वहां पहले से घात लगाए बैठे देवर आलोक ने अपने एक साथी और ऑटो चालक सन्नी कुमार के साथ मिलकर महादेव को दबोच लिया। वे उसे एक सुनसान जगह पर ले गए और एक धारदार हथियार से उसका गला रेत दिया, जिससे उसकी मौत हो गई।
इस घटना के बाद आरोपी देवर आलोक कुमार ने अपनी गांव की मेडिकल दुकान बंद कर दी और पहचान छिपाने के लिए पटना आ गया। वह यहां दरोगा भर्ती परीक्षा की तैयारी करने लगा, ताकि किसी को शक न हो। इसी तरह दूसरा आरोपी भी शक से बचने के लिए महेंद्रू इलाके में रहकर प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने लगा।
जब पुलिस टेक्निकल सबूतों के आधार पर उसे गिरफ्तार करने महेंद्रू में उसके हॉस्टल पहुंची, तो आलोक ने भागने की कोशिश में छत से छलांग लगा दी। इस दौरान उसका पैर टूट गया और पुलिस ने उसे रंगे हाथों दबोच लिया। मौके से पुलिस ने तीन मोबाइल फोन बरामद किए हैं, जिसमें मृतक महादेव का टूटा हुआ मोबाइल भी शामिल है।
पुलिस ने इस मामले में अब तक तीन लोगों को गिरफ्तार किया है: पुष्पा देवी, मृतक की गर्लफ्रेंड और मुख्य साजिशकर्ता, आलोक कुमार, पुष्पा का साला और मुख्य हत्यारा, और सनी कुमार, एक ऑटो ड्राइवर। पुलिस के मुताबिक, एक और आरोपी अभी भी फरार है और उसे गिरफ्तार करने के लिए छापेमारी चल रही है। एक साल पुराने इस ब्लाइंड मर्डर केस को सुलझाना पटना पुलिस के लिए एक बड़ी कामयाबी मानी जा रही है।