पटना

कैसा गणतंत्र दिवस? बेहया व्यवस्था शर्म करो! पूर्णिया सांसद ने क्यों कही ये बात

पूर्णिया के सांसद पप्पू यादव ने सोशल मीडिया पर लिखा कि अगर NEET छात्रा की मौत के मामले में पूरा सिस्टम पीड़ित को परेशान करने पर तुला है, तो कैसा गणतंत्र दिवस?
2 min read
Jan 26, 2026
Purnia MP Pappu Yadav
पूर्णिया सांसद पप्पू यादव (फोटो- आईएएनएस)

पूर्णिया के सांसद पप्पू यादव ने 77वें गणतंत्र दिवस के मौके पर बिहार की न्याय व्यवस्था और पुलिस प्रशासन पर तीखा हमला बोला। जहां एक ओर पटना के गांधी मैदान समेत पूरे देश में गणतंत्र दिवस का जश्न मनाया जा रहा है, वहीं, पप्पू यादव ने एक्स पर एक पोस्ट शेयर कर पूरे सिस्टम को 'बेहया' बताया है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब टना के शंभू गर्ल्स हॉस्टल में NEET परीक्षा की तैयारी कर रही छात्रा की संदिग्ध मौत के मामले में उसके परिवार को न्याय नहीं मिल रहा है, तो गणतंत्र दिवस का क्या मतलब है?

पप्पू यादव ने क्या लिखा?

पप्पू यादव ने अपने पोस्ट में लिखा, “गणतंत्र दिवस की दिल से बधाई, पर मेरी समझ में गणतंत्र, संविधान और न्याय व्यवस्था सबके लिए दुर्भाग्य बन गई है। जब आज भी NEET छात्रा और उनके परिजनों को न्याय मयस्सर नहीं है, जब पूरी व्यवस्था उनका ही उत्पीड़न करने पर तुली हो, तो कैसा गणतंत्र दिवस? बेहया व्यवस्था, शर्म करो!”

पप्पू यादव ने ऐसा क्यों कहा?

दरअसल, पटना के शंभू हॉस्टल में NEET छात्रा की मौत के 15 दिन बाद भी असली अपराधी खुलेआम घूम रहे हैं। पप्पू यादव का आरोप है कि अपराधियों को पकड़ने के बजाय पुलिस पूछताछ के बहाने पीड़िता के पिता और रिश्तेदारों को मानसिक रूप से परेशान कर रही है। रेप की पुष्टि करने वाली FSL रिपोर्ट ने भी पुलिस की शुरुआती "आत्महत्या थ्योरी" पर सवाल खड़े कर दिए हैं, जिससे सिस्टम पर भरोसा और कम हो गया है। सिस्टम पर अविश्वास जताते हुए और व्यंग्य करते हुए सांसद ने कहा कि ऐसे राज्य में गणतंत्र और संविधान की बात करना दुर्भाग्यपूर्ण है, जहां एक बेटी को न्याय नहीं मिलता।

पहले भी उठा चुके हैं पुलिस और सिस्टम पर सवाल

यह पहली बार नहीं है जब पप्पू यादव ने NEET छात्रा के मामले पर आवाज उठाई है। उन्होंने सोशल मीडिया के जरिए बिहार पुलिस और प्रशासन पर बार-बार गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए पूरे मामले की हाई कोर्ट की निगरानी में CBI से जांच कराने की मांग की है।

अपराधी पकड़ने के बजाय बचा रही है पुलिस?

अपने पिछले पोस्ट में पप्पू यादव ने आरोप लगाया था कि इस मामले में बिहार पुलिस की कार्रवाई अपराधियों को पकड़ने के बजाय उन्हें बचाने के लिए लग रही है। उन्होंने यहां तक कहा कि पुलिस स्टेशन स्तर से लेकर शीर्ष रैंक तक के अधिकारी इसमें शामिल हैं।

नेताओं और उनके बेटों पर हमला

सांसद ने यह भी इशारों-इशारों में सवाल उठाया कि क्या इस मामले में कोई संवैधानिक पद पर बैठा नेता या किसी मंत्री का बेटा शामिल है। उन्होंने आरोप लगाया कि बिहार पुलिस ताकतवर नेताओं और उनके बेटों को बचाने के लिए हर हद पार कर रही है। यही वजह है कि पीड़ित परिवार को निशाना बनाया जा रहा है और बदनाम किया जा रहा है।

Published on:
26 Jan 2026 09:40 am