
सावन मास इस वर्ष उत्तर भारत में गुरुवार, 30 जुलाई 2026 से आरंभ होकर शुक्रवार, 28 अगस्त 2026 को श्रावण पूर्णिमा (रक्षाबंधन) पर समाप्त हो रहा है। इस दौरान दो प्रमुख ग्रहण घटित होंगे, 12 अगस्त को सूर्यग्रहण और 28 अगस्त को चंद्रग्रहण। विशेष रूप से चंद्रग्रहण रक्षाबंधन के दिन ही लगेगा और यह आंशिक ग्रहण होगा, जो भारत में दिखाई नहीं देगा; ऐसे मेें पारंपरिक सूतक काल लागू नहीं माना जाएगा।
चंद्रग्रहण का समय भारतीय मानक समयानुसार सुबह 8:04 बजे से दोपहर 11:22 बजे तक रहेगा, और यह खंडग्रास (आंशिक) ग्रहण होगा, जो कुंभ राशि और शतभिषा नक्षत्र में घटित होगा। हालांकि कुछ स्रोतों में इसे पूर्ण चंद्रग्रहण बताया गया है, लेकिन ज्योतिषीय गणनाओं और दृश्यता के आधार पर इसे आंशिक ग्रहण ही माना जा रहा है।
चंद्रग्रहण का प्रभाव ज्योतिष में विशेष महत्व रखता है। हालिया रिपोर्टों के अनुसार, मिथुन, तुला, वृश्चिक और मीन राशियों के जातकों पर इसका असर अधिक गहरा हो सकता है। मिथुन राशि वालों को कार्यक्षेत्र में बदलाव का सामना करना पड़ सकता है। तुला राशि वालों को आर्थिक मामलों में सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। वृश्चिक राशि वालों को स्वास्थ्य और मानसिक शांति पर ध्यान देने की आवश्यकता है और मीन राशि वालों के लिए रुके कार्यों में गति आने की संभावना है, लेकिन निर्णय में जल्दबाजी नहीं करनी चाहिए।
सावन मास शिवभक्ति का पवित्र समय होता है। इस बार इसमें दो ग्रहण आ रहे हैं, जो धार्मिक दृष्टि से विशेष महत्व रखते हैं। हालांकि चंद्रग्रहण भारत में दिखाई नहीं देगा, परंतु ज्योतिषीय दृष्टिकोण से इसका प्रभाव माना जाता है। यह समय आत्मनिरीक्षण, संयम और साधना का अवसर है।
मिथुन राशि: कार्यक्षेत्र में बदलाव की संभावना है। धैर्य बनाए रखें और जल्दबाजी से बचें।
तुला राशि: आर्थिक मामलों में सावधानी आवश्यक है। बड़े निवेश या खर्च से बचें।
वृश्चिक राशि: स्वास्थ्य और मानसिक शांति पर ध्यान दें। योग और ध्यान लाभकारी हो सकते हैं।
मीन राशि: रुके कार्यों में गति आएगी, लेकिन निर्णय सोच-समझकर लें।
मिथुन राशि वालों को इस समय कार्य में बदलाव या चुनौती का सामना करना पड़ सकता है। अतः छोटे-छोटे कदमों से कार्य आगे बढ़ाएं और तनाव कम करने के लिए ध्यान या योग करें।
तुला राशि वालों को वित्तीय मामलों में सावधानी बरतनी चाहिए, बड़े निर्णयों से बचें और बजट पर ध्यान दें। वृश्चिक राशि वालों के लिए स्वास्थ्य और मानसिक शांति महत्वपूर्ण है। नियमित व्यायाम, योग और पर्याप्त नींद पर ध्यान दें। मीन राशि वालों को रुके हुए कार्यों में गति मिलेगी, लेकिन निर्णय सोच-समझकर लें। जल्दबाजी से बचें।
इस सावन मास में चंद्रग्रहण का संयोग आपके जीवन में बदलाव और आत्मनिरीक्षण का अवसर ला सकता है। मिथुन, तुला, वृश्चिक और मीन राशियों के जातकों को विशेष सावधानी और संयम की आवश्यकता है। शिव उपासना, दान, स्नान और सात्त्विक दिनचर्या जैसे पारंपरिक उपाय आपको सकारात्मक ऊर्जा से जोड़ सकते हैं। यह समय आपके लिए नए आरंभ और सुधार का अवसर है। इसे समझदारी और शांति से अपनाएं।