बड़े भाइयों की नियत छोटी भाई की पत्नी पर थी, इसलिये उन्होंने वारदात को अंजाम दिया था।
पीलीभीत। दो सगे भाइयों ने गला दबाकर सगे भाई की हत्या क कर दी। एक माह की जांच के बाद बिलसण्डा थाना पुलिस ने इसका खुलासा किया है। बताया जा रहा है कि बड़े भाइयों की नियत छोटी भाई की पत्नी पर थी, इसलिये उन्होंने वारदात को अंजाम दिया था। पुलिस ने महिला की तहरीर पर दोनों जेठ पर मुकदमा दर्ज कर जेल भेज दिया है। वारदात बिलसंडा थाना क्षेत्र के तिलसंडा गांव की है।
पुलिस को गुमराह करनेे का किया था प्रयास
बिलसण्डा थाना क्षेत्र के गांव तिलसण्डा के रहने वाले रामसागर की शादी पास के ही गांव की रहने वाली लीलावती के साथ हुयी थी। रामसागर के बड़े भाई महेन्द्र और राकेश उसकी पत्नी पर बुरी नियत रखते थे, जिसका विरोध करने पर ही रामसागर अपनी सुसराल में रहने लगा। बीती 14 मई को जब रामसागर अपनी सुसराल गया तो वो रास्ते से ही गायब हो गया और 18 मई को उसका शव एक गन्ने के खेत से बरामद हुआ। करीब एक माह बाद पुलिस ने हत्याकांड का खुलासा करते हुए आरोपियों को जेल भेज दिया है। पहले तो मृतक रामसागर के भाई उसकी पत्नी व सुसरीलजनों पर हत्या का आरोप लगा रहे थे तो वहीं मृतक की पत्नी लीलावती ने उसके पति के भाइयों (जेठ) पर हत्या का आरोप लगाया था।
भाइयों की हरकतों की वजह से रामसागर रहता था अलग
पुलिस ने जांच शुरू की और दोनों भाइयों को दोषी मानते हुये उन्हें जेल भेज दिया है। जांच में ये बात निकल कर आई कि रामसागर पांच भाई थे। उसे छोड़कर किसी भी भाई की शादी नहीं हुई है। उसकी पत्नी लीलावती ने आरोप लगाया कि उसके जेठ महेन्द्र और राकेश उस पर बुरी नियत रखते थे। करीब आठ साल शादी को हो चुके हैं, पर वे नहीं सुधरे। जिसका विरोध करने पर वो उसके पति को भी पीटते थे। उसे पत्नी बनाकर रखना चाहते थे। दो साल पहले मामला थाने तक पहुंचा। मगर कार्रवाई की बजाय समझौता करा दिया गया। लीलावती ने बताया कि जेठ उसका और उसके पति का उत्पीड़न करते थे। वो नहीं चाहते थे कि कोई उनके रास्ते में रोड़ा बने। इसी खातिर वो पति के साथ गुजरात चली गई थी। वहां मेहनत मजदूरी की, कुछ माह पहले लौटी तो पति ने उसे मायके में रहने को भेज दिया। पत्नी ने आरोप लगाया कि उसके बेटे की तबियत खराब थी वो दवा लेने बिलसंडा आ रही थी। उसने देखा कि बमरोली के पास उसके जेठ खेत से भागते हुए जा रहे थे। उसी खेत के पास कुछ देर बाद पति की लाश मिलने की खबर मिल गई।