Kejriwal Sheeshmahal Controversy: दिल्ली की राजनीति में आरोप-प्रत्यारोप तेज हो गए हैं। कैबिनेट मंत्री प्रवेश वर्मा ने विधानसभा में पूर्व सीएम अरविंद केजरीवाल के सरकारी आवास ‘शीशमहल’ को लेकर गंभीर आरोप लगाए और उनकी तुलना फिल्म धुरंधर के रहमान डकैत से की।
Kejriwal Sheeshmahal Controversy: दिल्ली की सियासत में एक बार फिर से सियासी नेतआओं के द्वारा एक दूसरे पर छींटाकशी करना तेज हो गया है। दरअसल, कैबिनेट मंत्री प्रवेश वर्मा ने विधानसभा में चर्चा के दौरान पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के सरकारी आवास, जिसे भाजपा ‘शीशमहल’ कहती है, को लेकर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने फिल्म धुरंधर के किरदार रहमान डकैत का जिक्र करते हुए केजरीवाल की तुलना उससे की और आरोप लगाया कि दिल्ली के पैसों का गलत इस्तेमाल किया गया।
विधानसभा में बयान देने के एक दिन बाद प्रवेश वर्मा ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर ‘धुरंधर पार्ट-3’ नाम से एक वीडियो साझा किया। इस वीडियो में उन्होंने कथित तौर पर 6, फ्लैग स्टाफ रोड स्थित सरकारी आवास का अंदरूनी दृश्य दिखाते हुए वहां किए गए खर्च का जिक्र किया। वर्मा के मुताबिक, आवास की सजावट पर करीब 60 करोड़ रुपए खर्च किए गए, जिसमें महंगे झूमर, पर्दे, चिमनी, टीवी, जकूजी और अन्य लग्जरी सुविधाएं शामिल हैं। उन्होंने दावा किया कि यह खर्च आम जनता के पैसे से किया गया।
वीडियो शेयर करते हुए वर्मा ने केजरीवाल पर निशाना साधते हुए कहा कि उन्होंने भरोसे की राजनीति का चेहरा दिखाकर सत्ता हासिल की, लेकिन बाद में संसाधनों का इस्तेमाल निजी सुख-सुविधाओं के लिए किया। इसके साथ ही उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि सरकारी आवास के पास एक बड़े विस्तार (एक्सटेंशन) की योजना भी बनाई जा रही थी। प्रवेश वर्मा के अनुसार, अगर केजरीवाल दोबारा सत्ता में आते, तो ‘शीशमहल’ के पास ही एक और बड़ा निर्माण कराया जाता। उन्होंने दावा किया कि इस विस्तार परियोजना पर पहले ही करोड़ों रुपए खर्च किए जा चुके थे और उसका ढांचा भी तैयार किया जा रहा था। हालांकि, इन आरोपों पर आम आदमी पार्टी की ओर से पहले भी इन्हें राजनीतिक बयानबाजी करार दिया जाता रहा है।
वर्मा ने कहा कि देश की जनता ने ‘शीशमहल’ का नाम कई बार सुना है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि केजरीवाल ने पहले वादा किया था कि वे न गाड़ी लेंगे और न ही बंगला, लेकिन इस तरह का भव्य आवास बनाएंगे, इसकी किसी ने कल्पना नहीं की थी। उन्होंने आगे कहा कि वह खास तौर पर दिल्ली की जनता को इस तथाकथित ‘शीशमहल’ की झलक दिखाना चाहते हैं।