प्रवेश वर्मा के संसदीय क्षेत्र के अंतर्गत आने वाली 10 सीटें आप के पास। कई दिग्गजों को भी इन सीटों पर से करना पड़ा करारी हार का सामना। भाजपा बीते चुनाव की तुलना में पांच सीटें ज्यादा जीत पाई इस बार।
नई दिल्ली। अगर दिल्ली चुनाव के नतीजे किसी सांसद के प्रदर्शन का पैमाना है, तो भाजपा के विवादास्पद सांसद प्रवेश वर्मा ने शून्य का अंक हासिल किया है। उनके पश्चिम दिल्ली संसदीय क्षेत्र के अंतर्गत आने वाली सभी 10 सीटों में से भाजपा ने एक भी सीट नहीं जीत पाई है।
तिलक नगर, जनकपुरी, मादीपुर, राजौरी गार्डन, हरिनगर, विकासपुरी, उत्तम नगर, द्वारका, मटियाला और नजफगढ़ सीटों पर आप उम्मीदवारों ने अपनी मजबूत बढ़त बनाई हुई है। हरिनगर सीट से तेजिंदर बग्गा भी चुनाव हार गए हैं, जहां वर्मा ने चुनावी अभियान को धार देने के लिए कई राउंड का प्रचार किया था।
उसी तरह से तिलक नगर से भाजपा के राजीव बब्बर को भी हार का सामना करना पड़ा। 2019 आम चुनाव में, भाजपा ने राजीव बब्बर को पूर्वी दिल्ली संसदीय क्षेत्र का प्रभारी बनाया था। बब्बर ने भाजपा कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षण दिया था, लेकिन 2020 में खुद प्रदर्शन करने में नाकाम हो गए।
जनकपुरी से आशीष सूद को भी आप के राजेश ऋषि ने करीब 50,000 मतों के ज्यादा अंतर से पछाड़ दिया है। इस बुरी हार ने भाजपा के मुख्य चुनावी एजेंडे 'शाहीनबाग', अनधिकृत कॉलोनियों के नियमितीकरण पर सवाल खड़े कर दिए हैं। इनमें से 1700 अनधिकृत कॉलोनियां वर्मा के क्षेत्र में आती हैं। यहां तक कि उनकी क्षमता और आक्रामक चुनाव प्रचार पर भी सवाल उठाए जा सकते हैं।