दिल्‍ली में नागरिकता संशोधन एक्ट के खिलाफ प्रदर्शन जारी सरकार के आदेश पर कंपनियों ने इंटरनेट सेवा को कई क्षेत्रों में बंद किया दिल्‍ली के कई क्षेत्रों में ऐहतियातन धारा 144 लागू
नई दिल्ली। नागरिकता संशोधन विधेयक ( CAA ) के खिलाफ देशभर में प्रदर्शन जारी है। गुरुवार को वामपंथी पार्टियों के देशव्यापी बंद से एक बार फिर देश के कई हिस्सों में विरोध प्रदर्शन का नजारा देखने को मिला। प्रदर्शन को देखते हुए देश के कई हिस्सों में धारा 144 लगाई गई है। दिल्ली के भी कई क्षेत्रों में न केवल धारा 144 लागू है बल्कि इंटरनेट सेवाएं भी बंद कर दी गई हैं।
गुरुवार को नगारिकता संशोधन विधेयक के खिलाफ प्रदर्शन को देखते हुए दिल्ली के कई क्षेत्रों में इंटरनेट सेवाएं बंद कर दी गई हैं। सीएए के विरोध में बंद को देखते हुए राजधानी में 17 मेट्रो स्टेशनों को बंद कर दिया गया है।
मोबाइल नेटवर्क कंपनी एयरटेल की तरफ से बयान आया है कि सरकार की तरफ से उन्हें आदेश दिया गया है कि दिल्ली के कुछ इलाकों में वॉइस, एसएमएस, इंटरनेट की सुविधा को बंद कर दिया गया है। कंपनी ने बयान दिया है कि जब ये सस्पेंशन को हटा दिया जाएगा, तब सुविधा शुरू कर दी जाएगी।
नागरिकता कानून के खिलाफ दिल्ली बंद के दौरान कई नेताओं को हिरासत में लिया गया है। दिल्ली में कांग्रेस नेता संदीप दीक्षित, उमर खालिद, रामचंद्र गुहा समेत कई बड़े नेताओं को हिरासत में ले लिया गया है। सभी नेता नागरिकता संशोधन एक्ट के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे थे। इससे पहले बेंगलुरु में रामचंद्र गुहा, लालकिला क्षेत्र में योगेंद्र यादव को भी हिरासत में ले लिया गया था।
दिल्ली में इंटरनेट बंद करने को लेकर सबसे बड़ा कारण ये भी है क्योंकि जो भी प्रदर्शन हो रहे हैं वो व्हाट्सएप ग्रुप की वजह से हो रहे हैं। इसको लेकर कोई दल सामने नहीं आया है।