कर्नाटक में तीन लोकसभा और दो विधानसभा उपचुनावों के लिए तीन नवंबर को मतदान होगा और 6 को नतीजे आएंगे
बेंगलूरु। कर्नाटक में उपचुनाव होने वाले हैं। जिसके लिए राजनैतिक दलों ने अपनी कमर कस ली है। इस बीच कांग्रेस के बाद भारतीय जनता पार्टी में अपनी उम्मीदवारों की सूची जारी कर दी है। तीन लोकसभा और दो विधानसभा उपचुनाव के लिए भाजपा ने लिस्ट जारी कर अपने उम्मीदवारों का नाम जाहिर किया। भाजपा ने लोकसभा उपचुनाव के लिए बेल्लारी ( आरक्षित )से श्रीमति जे शांता को अपना उम्मीदवार बनाया है। बेल्लारी लोकसभा सीट पर जे शांता की टक्कर होगी राज्य के कांग्रेस वरिष्ठ नेता वी एस उगरप्पा से । शिमोगा लोकसभा से भाजपा प्रदेश इकाई के अध्यक्ष बी एस येदुयिरप्पा के बेटे बी वाई राघवेंद्र मैदान में होंगे, वहीं सिद्दारमेगौड़ा मांडया से चुनाव लड़ेंगे। विधानसभा उपचुनाव की बात करें तो जामखड़ी विधानसभा के लिए भाजपा ने श्रीकांत कुलकर्णी और रामनगर विधानसभा के लिए एल चंद्रशेखर के नाम का ऐलान किया। राज्य में इन सीटों के लिए तीन नवंबर को मतदान होगा और 6 को नतीजे आएंगे
जबरदस्त होगा मुकाबला
सोमवार को कर्नाटक के मुख्यमंत्री एच डी कुमारस्वामी की पत्नी अनीता ने उपचुनावों के लिए रामनगर विधानसभा सीट और बी एस येदुयिरप्पा के बेटे बी वाई राघवेंद्र ने शिवमोगा लोकसभा निर्वाचन क्षेत्र से नामांकन दाखिल किया। वहीं नीतिश कुमार की जेडीयू ने राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री जेएच पटेल के बेटे महिमा पटेल को शिमोगा से टिकट दिया है।
क्यों हो रहा है चुनाव?
लोकसभा की तीन में से दो भाजपा की सीटें, शिमोगा, बीएस येदियुरप्पा और बेल्लारी से बी.श्रीरामालु के इस्तीफे से खाली हुईं, जबकि मंड्या से जेडीएस के एस पुत्ताराजु सांसद थे। तीनों विधायक चुन लिए गए हैं। वहीं जमखंडी विधानसभा सीट विधायक सिद्धू न्यामगौड़ा की सड़क दुर्घटना में मृत्यु के बाद खाली हुई थी। लोकसभा चुनावों में कर्नाटक में बयार किस ओर चलेगी, इसका संकेत इन उपचुनावों में मिल जाएगा। बता दें कि बेल्लारी लोकसभा सीट राजनीतिक रूप से काफी अहम सीट है, क्योंकि यहां से कांग्रेस की पूर्व अध्यक्ष सोनिया गांधी भी चुनाव लड़ चुकी हैं। सोनिया गांधी ने इस सीट से सुषमा स्वराज को हराया था। पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी भी इस सीट से चुनाव लड़ चुकी हैं, लेकिन 2004 के बाद से इस सीट पर भाजपा का कब्जा रहा है। अब भाजपा की यही कोशिश रहेगी कि इस सीट पर अपना ही कब्जा रखा जाए। वहीं कांग्रेस इस सीट पर वापसी करने के इरादे से चुनाव लड़ेगी।