
नई दिल्ली। आठ अप्रैल यानी सोमवार को भाजपा अपना 'संकल्प पत्र' जारी करेगी। लेकिन, उससे पहले ही बिहार एनडीए की सहयोगी लोक जनशक्ति पार्टी (LJP) ने अपना मेनिफेस्टो जारी कर दिया है। एलजेपी ने चुनावी मेनिफेस्टों में जनता से कई बड़े वादे किए हैं। लेकिन, गौरक्षा के नाम पर गुंडागर्दी और मॉब लिंचिंग करने वालों को लेकर पार्टी ने कड़ी कार्रवाई करने का वादा किया है।
घोषणा पत्र में वादों की बौछार
रविवार को बिहार की राजनाधी पटना में लोजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष रामविलास पासवान ने पार्टी का घोषणा पत्र जारी किया। एलजेपी ने सुप्रीमो रामविलास पासवान ने कहा कि बिहार में एनडीए 40 सीटों पर जीतेगी। अगली बार प्रधानमंत्री फिर से नरेंद्र मोदी ही बनेंगे। पासवान ने कहा कि प्रधानमंत्री ने अपने वादे पूरे किए हैं। वे देश से भ्रष्टाचार को खत्म करने में लगे हैं। लोक-लुभावन वादों की बौछार करते हुए एलजेपी ने कहा कि गौरक्षा के नाम पर गुंडागर्दी और मॉब लिंचिंग पर कड़े एक्शन लिए जाएंगे।
आरक्षण को लेकर LJP का बड़ा ऐलान
इसके अलावा एलजेपी ने वादा किया कि एससी-एसटी और उच्च जातियों के सवर्णों के लिए सार्वजनिक और निजी क्षेत्रों के उद्योगों में आरक्षण की व्यवस्था का भी प्रावधान किया जाएगा। इसके अलावा काम के अधिकार को संविधान के मौलिक अधिकार में भी जोड़ा जाएगा। साथ ही शिक्षा के अधिकार को आठवीं से सेकेंडरी स्तर तक निःशुल्क और अनिवार्य किया जाएगा। हर प्रखंड और जिला में दलित छात्र-छात्राओं के लिए मुफ्त आवासीय विद्यालय और महाविद्यालय खोले जाएंगे। एलजेपी ने घोषणा पत्र में महिला आरक्षण का शर्तों के साथ समर्थन किया है। पार्टी का कहना है कि महिला आरक्षण बिल में अनुसूचित जाति, जनजाति, और अल्पसंख्यक महिलाओं के लिए स्थान सुरक्षित किया जाए।