
नई दिल्ली: सामान्य वर्ग के आर्थिक रूप से कमजोर लोगों को शिक्षा और रोजगार में 10% आरक्षण देने से जुड़ा 124वां संविधान संशोधन बिल बुधवार को राज्यसभा से भी पास हो गया। इससे पहले राज्यसभा में आरक्षण बिल को सेलेक्ट कमेटी के पास भेजने के प्रस्ताव पर वोटिंग हुई। लेकिन इस प्रस्ताव की मांग खारिज हो गई । बिल को सेलेक्ट कमेटी के पास भेजने के समर्थन में 18 वोट पड़े जबकि इस प्रस्ताव के खिलाफ 155 सांसदों ने वोट किया। इस बिल को अब राष्ट्रपति के पास भेजा जाएगा। वहीं बिल पास होने के बाद पीएम मोदी ने खुशी जताई है। राज्यसभा से बिल पास होने के बाद पीएम मोदी ने कहा कि राज्यसभा से बिल पास होने के बाद बेहद खुश हूं। यह सामाजिक न्याय की जीत है। पीएम मोदी ने संविधान निर्माताओं और स्वतंत्रता सेनानियों को श्रद्धांजलि दी।
नेताओं की प्रतिक्रियाएं
बिल पास होने के बाद भाजपा के नेताओं ने आज के दिन को ऐतिहासिक करार दिया। केंद्रीय मंत्री थावरचंद गहलोत , केंद्रीय कानून मंत्री रविशंकर प्रसाद, मानव संसाधन मंत्री प्रकाश जावड़ेकर समेत कई मंत्री और नेताओं ने इस बिल के लिए पीएम मोदी को बधाई दी। रविशंकर प्रसाद ने कहा कि गरीबों के लिए सरकार प्रतिबद्ध है।
शाह ने जताया आभार
वहीं भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने ट्वीट कर आभार जताया। शाह ने ट्वीट किया कि लोक-कल्याण का निरंतर प्रयास है, जन-जन का साफ नीयत में विश्वास है, चरितार्थ होता 'सबका साथ-सबका विकास' है।
आर्थिक रूप से कमजोर सामान्य वर्ग को आरक्षण देने वाले विधेयक के राज्य सभा में पास होने पर प्रधानमंत्री मोदी जी को हार्दिक बधाई और इसका समर्थन करने वाले सभी सदस्यों का आभार।
कांग्रेस नेताओं की प्रतिक्रियाएं
वहीं कांग्रेस पार्टी के नेताओं ने कहा कि अगर हम समर्थन नहीं करते यह बिल राज्यसभा से पास नहीं हो पाता। लिहाजा जनता की भलाई के लिए हमने समर्थन किया है। कांग्रेस नेता अहमद पटेल ने कहा कि यह बिल जल्दीबाजी में लाया गया है।