
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे। (Photo-IANS)
Haldwani Controversy:कांग्रेस अध्यक्ष और राज्य सभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खरगे ने राहुल गांधी के खिलाफ दर्ज एफआईआर को लेकर मोदी सरकार पर निशाना साधा है। इस दौरान खरगे ने आरोप लगाया कि दलितों, महिलाओं, छात्रों, महंगाई और बेरोजगारी जैसे मुद्दों को उठाने वाले राहुल गांधी को डराने और उनका मनोबल गिराने के लिए FIR दर्ज कराई गई है। उन्होंने साफ कहा कि कांग्रेस ऐसी कार्रवाई से डरने वाली नहीं है।
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी संसद के अंदर और बाहर लगातार आम लोगों से जुड़े मुद्दे उठाते रहे हैं। उन्होंने कहा कि अगर दलितों, महिलाओं, छात्रों और पीड़ितों की आवाज उठाने वाले नेता को FIR के जरिए डराने और हतोत्साहित करने की कोशिश की जाती है, तो कांग्रेस डरने वाली नहीं है।
उन्होंने आगे कहा कि राहुल गांधी के खिलाफ जितनी FIR दर्ज करनी हो, कर लें, कांग्रेस उनका सामना करेगी। खरगे ने आरोप लगाया कि अगर BJP दलितों के हित में आवाज उठाने के कारण राहुल गांधी से इस तरह हिसाब चुकता करना चाहती है, तो उसकी यह कोशिश कामयाब नहीं होगी।
बता दें कि यह विवाद उत्तराखंड के हल्द्वानी स्थित रामलीला मैदान में 8 अगस्त को हुई कांग्रेस की रैली के बाद शुरू हुआ था। यह रैली 2027 के उत्तराखंड विधानसभा चुनावों की तैयारियों के तहत आयोजित की गई थी। रैली के बाद कुछ लोगों ने कार्यक्रम स्थल पर शुद्धिकरण अनुष्ठान किया था। कांग्रेस नेताओं ने इस घटना की आलोचना की थी।
मल्लिकार्जुन खरगे ने राज्य सभा में भी इस मुद्दे को उठाया था। उन्होंने सवाल किया था कि क्या लोकतंत्र में इस तरह की प्रथाएं स्वीकार्य हैं। खरगे ने कहा था कि वह खुद दलित समुदाय से आते हैं और इस घटना को केवल उनके साथ जोड़कर नहीं देखा जाना चाहिए, बल्कि यह देश के दलित समुदाय से जुड़ा सवाल है।
खरगे ने बताया कि उन्होंने बुधवार को राज्यसभा में सदन के नेता और केंद्रीय मंत्री जगत प्रकाश नड्डा को पत्र लिखकर इस मामले में सरकार की ओर से दिए गए आश्वासन पर कार्रवाई नहीं होने का मुद्दा उठाया है। उन्होंने कहा कि आश्वासन दिए 30 दिन से अधिक समय बीत चुका है, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई।
राहुल गांधी के खिलाफ 30 अगस्त को FIR दर्ज की गई थी। यह कार्रवाई अमित कुमार नाम के एक व्यक्ति की शिकायत के आधार पर हुई, जो वाल्मीकि समुदाय से जुड़े बताए गए हैं। शिकायत में आरोप लगाया गया कि राहुल गांधी की टिप्पणियों से अनुसूचित जाति समुदाय की भावनाएं आहत हुईं।
वहीं इससे पहले कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने हल्द्वानी में हुए शुद्धिकरण अनुष्ठान को छुआछूत का दूसरा नाम बताया था। उन्होंने इस घटना में शामिल लोगों के खिलाफ FIR दर्ज करने की मांग करते हुए इसे संविधान के मूल्यों के खिलाफ बताया था।
हालांकि कांग्रेस के आरोपों को बीजेपी ने खारिज कर दिया। बीजेपी सांसद सुधांशु त्रिवेदी ने कहा कि इस घटना का कोई जातिगत पहलू नहीं है। त्रिवेदी ने कांग्रेस पर हिंदू समाज में विभाजन पैदा करने की कोशिश करने का आरोप लगाया।
Updated on:
03 Sept 2026 05:13 pm
Published on:
03 Sept 2026 05:13 pm
