राजनीति

Power Cut in MP- अघोषित बिजली कटौती से जनता में आक्रोश, विद्युत विभाग के अधिकारी भी कटौती कब तक का जवाब बताने में असमर्थ

- मुंगावली वासी बोले कटौती के बाद भी बढ़ाकर दिए जा रहे हैं बिल - कोयले की कमी के बीच डिमांड बढ़ जाने को बताया जा रहा कारण- भीषण गर्मी में उमस से लोग परेशान तो किसानों की फसलें भी सूख रहीं

2 min read
Apr 23, 2022
MP Public outrage due to undeclared power cut

अशोकनगर। प्रदेश में कई क्षेत्रों में हो रही लगातार अघोषित बिजली कटोती से लोगों में आक्रोश बढने लगा है। बिजली कटौती के कारण इस भीषण गर्मी में लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। वहीं ग्रामीण क्षेत्रों में हो रही 10 से 12 घंटे की बिजली कटौती के कारण लोग पानी के लिए भी परेशान हो रहे हैं। साथ ही गांवों में लोग घरों में उमस व बाहर लू से परेशान हो रहे हैं। किसानों को पर्याप्त लाइट न मिलने से उनकी फसलें सूख रही हैं।

वहीं विद्युत विभाग द्वारा कोयले की कमी बताकर अघोषित कटौती की बात की जा रही है। ग्रामीण इलाकों में 14 घंटे तक कटोती की जा रही है। सुबह होते ही लाइट चली जाती है जो रात को आती है। इतनी कटोती होने के बाद भी लोगों को मनमाने बिल दिए जा रहे है और वसूली भी की जा रही है। इससे लोगों ज्यादा आक्रोश बढ़ रहा है।

विभिन्न क्षेत्रों के लोगों का कहना है कि जब बिजली ही नही आ रही तो बिल कम होकर क्यों नही आ रहे है। शहरवासियों ने बताया कि अगर ऐसे ही हालात रहे तो विद्युत विभाग के विरुद्ध आंदोलन किया जाएगा। लाइट कटौती की वजह से शासकीय कार्य ठप पड़े है।

ग्रामीण इलाकों से आने वाले लोग पैसे खर्च कर आते हैं और लाइट नहीं होने से मायूस होकर वापिस चले जाते है। वहीं विद्युत मंडल द्वारा सोशल मीडिया पर मैसेज डाला गया है कि अघोषित बिजली कटोती शुरू कर दी गई है जो जबलपुर से की जा रही है। ऐसे में लाइट कटने के कोई समय निर्धारित नही है लोड सेटिंग के चलते कभी भी कटौती की जा सकती है।

मूंग की फसल होगी बर्बाद, किसान चिंतित-
इस समय किसानों ने अपने खेतो में मूंग की फसल की बोवनी की है। इसके लिए लगातार पानी देना पड़ता है। ऐसे में लाइट नहीं मिलने से किसान अपनी मूंग की फसल में पानी नहीं दे पा रहे है इससे किसानों को मूंग की फसल खराब होने का डर बना है। वहीं जिन किसानों ने सब्जी बोई है उनकी फसल भी सूख रही है। इससे बिजली कटौती किसानों के लिए चिंता का विषय बन गई है।

लाईट न मिलने पर पानी के लिए परेशान हो रहे है। गर्मी होने से मच्छर बढ़ रहे हैं, बीमारियां फैल रहीं है। घर के अंदर बैठ नहीं पा रहे हैं और बाहर निकलते ही लू लगती है। रात में भी लाईट न मिलने से घरों में नही सो पा रहे हैं। बिल भी बढ़ाकर दिए जा रहे हैं।
- लाला कटारिया, ग्राम ढिचरी

विद्युत विभाग द्वारा 14 घंटे की लाइट कटौती की जा रही है जिससे किसान मूंग की फसल में सिंचाई नही कर पा रहे है। वही लाइट कटौती के बावजूद विद्युत मंडल द्वारा मनमाने बिल दिए जा रहे हैं यदि जल्द ही समस्या दूर नहीं हुई तो आंदोलन किया जाएगा।
- नोवी शर्मा, ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष मंगावली

झटके से लाइट आने से विद्युत उपकरण खराब हो रहे हैं। कटौती का पता होने से लाईट वाले कार्य शीघ्र पूर्ण कर लें, लेकिन कोई सूचना नहीं रहती। शासकीय कार्यालय भी प्रभावित हो रहे हैं। भीषण गर्मी में बुजुर्ग व बच्चों की हालात खराब है।
- नीरज गोस्वामी, एडवोकेट


कोयले की कमी के चलते लाइट की कटौती की जा रही है। वही यह कटौती कब तक होगी कह नहीं सकते। कोयले की डिमांड बढ़ गई है, जिसकी कमी के कारण कटौती की जा रही है।
- राजेश सक्सेना,एसी विद्युत अशोकनगर

Published on:
23 Apr 2022 05:19 pm
Also Read
View All