Land scam in prayagraj: प्रयागराज में बड़ा भूमि घोटाला सामने आया है। जिसमें लगभग 1800 बीघे सरकारी जमीन भूमाफियाओं और बिल्डरों के नाम कर दी गई। यह जमीन भूमाफियाओं को देने के लिए एक दिन में ही 60 वादों का निस्तारण कर दिया गया।
Land scam in prayagraj: प्रयागराज में लगभग 10 अरब की 1800 बीघे सरकारी जमीन घोटाले के मामले में एक आईएएस और दो पीसीएस अफसर रडार पर हैं। इसके अलावा उस समय तैनात कई अन्य कर्मचारी अधिकारी भी संदिग्ध हो गए हैं। इस मामले की जांच अब जिलाधिकारी द्वारा की जा रही है। यह जमीन फूलपुर तहसील में झूंसी के पास स्थित थी। माना जा रहा है कि इसकी जांच में कई नए तथ्य भी सामने आ सकते हैं।
डीएम की अध्यक्षता में (Land scam in prayagraj) शुरू हुई जांच
फूलपुर तहसील में झूंसी के पास आठ गांवों में स्थित लगभग 1800 बीघे सरकारी जमीन घोटाले की जांच अब डीएम की अध्यक्षता में हो रही है। जांच कमेटी में एडीएम सीटी, बंदोबसत अधिकारी और चकबंदी अधिकारी भी शामिल हैं। शासन की ओर से जैसे ही जमीन की जांच डीएम को सौंपी गई तो हडक़ंप मच गया है। चर्चा है कि इस बड़े घोटाले में कई अफसर फंस सकते हैं। जांच कमेटी पंूछताछ के लिए सभी को अपने समक्ष बुला सकती है। हालाकि मामले की जांच शुरू कर दी गई है।
झूंसी में पहले भी हो चुका है जमीन घोटला
साल 2015 में भी झूंसी में एक जमीन घोटाला का मामला सामने आया था। उसमें भी सरकारी जमीन को प्रभावित किया गया था। जब उसकी जांच हुई तो कई अफसरों के नाम उजागर हुए थे और एक पीसीएस अधिकारी निलंबित भी किए गए थे।