ग्रहण काल के बाद संगम स्नान का विशेष पुण्य
इलाहाबाद. साल का सबसे बड़ा चंद्र ग्रहण 27 जुलाई को गुरु पूर्णिमा पर लग रहा है। इस दिन दुर्लभ खगोलीय नजारा दिखाई देगा। वेदांग संस्थान के ज्योतिषाचार्य राममिलन मिश्र ने बताया कि गुरु पूर्णिमा पर लग रहा चंद्रग्रहण साल का सबसे बड़ा ग्रहण होगा। इस दिन 3 घण्टे 54 मिनट तक ग्रहण रहेगा। वही वैज्ञानिकों के अनुसार 27 जुलाई को चन्द्र ग्रहण के दौरान चंद्रमा विशेष रंग और आकार में दिखेगा।
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इतने घंटे तक रहेगा चंद्र ग्रहण
ज्योतिषाचार्य राममिलन मिश्र ने बताया कि भारतीय समय के अनुसार 27 जुलाई को रात 11: 54 मिनट से 28 जुलाई की भोर 3:49 तक ग्रहण रहेगा। जबकि सूतक काल 27 जुलाई की दोपहर 2: 54 से शुरू हो जाएगा। पंडित राममिलन के अनुसार सूतक काल से पहले गुरु पूर्णिमा में गुरु आराधना मंदिरों में साधना पूजा पाठ करना फलदाई होगा। वहीं बताया कि ग्रहण काल के बाद संगम स्नान कर भोर में पूजा-अर्चना करना दान करना उत्तम फल देता दिखाई दे रहा है।
सूतक में बंद रहेगा मंदिर के कपाट
ज्योतिषाचार्य ने बताया कि गुरु पूर्णिमा पर चंद्र ग्रहण का सूतक दोपहर में आने के कारण मठ मंदिरों और आश्रमों में गुरु की आराधना भी नहीं की जा सकती है। साथ ही इस दौरान मंदिर के कपाट सूतक के साथ बंद कर दिए जाएंगे। सनातन धर्म के अनुसार चंद्र ग्रहण शुभ नहीं माना जाता है । सूतक काल से ग्रहण काल तक किसी भी शुभ कार्य को नहीं किया जाता।
इन राशियों के लिए शुभ है चंद्र ग्रहण
ज्योतिषाचार्य के अनुसार चंद्र ग्रहण मध्य रात्रि 1:52 पर अपने चरम वेग पर होगा,इस दौरान चंद्रमा लाल दिखेगा। गुरु पूर्णिमा पर लग रहा चंद्र ग्रहण मेष राशि ,सिंह ,वृश्चिक और मीन राशि के लोगों के लिए बेहद शुभ है। इसके अलावा अन्य राशियों के लिए ग्रहण अशुभ संकेत वाला है।
By- Prasoon Pandey