प्रयागराज

बाढ़ के पानी ने प्रयागराज  में मचाई तबाही ,शहर से लेकर गांव तक मचा हाहाकार

कई गांवों का संपर्क जिला मुख्यालय से टूटा
2 min read
Flood water caused havoc in Prayagraj
बाढ़ के पानी ने प्रयागराज  में मचाई तबाही ,शहर से लेकर गांव तक मचा हाहाकार

प्रयागराज। गंगा -यमुना का पानी आफत की तरह लोगों के घर तक पहुंच रहा है। शहरी इलाकों सहित सैकड़ों गांव बाढ़ की तबाही का आलम दिख रहा है। लोग घरों को छोड़कर जा रहे हैं। बाढ़ के चपेट में आए शहर के ज्यादातर मोहल्लों की बिजली काट दी गई है।वहीं देर रात से लगातार हो रही बरसात ने लोगों की मुसीबत बढ़ा दी है।

मध्य प्रदेश ,राजस्थान, उत्तराखंड के देहरादून के डैम से छोड़े गए पानी के चलते शहर में बाढ़ की भयावह स्थित बनी है। बुधवार की सुबह से जिलाधिकारी भानु चंद्र गोस्वामी शहर के अलग-अलग हिस्सों और ग्रामीण इलाकों के दौरे पर हैं जिलाधिकारी कार्यालय से दी गई सूचना के मुताबिक झूसी इलाके के बदरा सुनौटी गांव का संपर्क जिला मुख्यालय से टूटा है।जहां पर जिलाधिकारी ने एसडीएम सहित अन्य अधिकारियों को लोगों को राहत कार्य में लगाया है। साथ ही निर्देश दिए है की किसी भी तरह की समस्या गांव के लोगों को ना होने दी जाये।

अन्य प्रदेशों से आ रहा पानी प्रयागराज के लोगों के लिए मुसीबत बन गया है। खतरे का निशान पार कर चुकी गंगा यमुना की नदियां लोगों को डरा रही है। हजारों स्टूडेंट अपने घरों को वापस चले गए हैं। कछारी इलाकों में सैकड़ों एकड़ खेत जलमग्न है 30 हजार से ज्यादा घरों में पानी गया है। शहर के कई मोहल्लों की सड़कों पर नाव चल रही है। एनडीआरएफ की टीम लगातार लोगों को घरों से निकालने और बचाने में जुटी हुई है । राहत शिविरों में लोगो को पंहुचाया जा रहा है।


जिलाधिकारी भानु चंद्र गोस्वामी द्वारा दी गई जानकारी के मुताबिक गंगा खतरे के निशान को पार कर चुकी है । बुधवार सुबह 10 बजे तक फाफामऊ में 84. 82 मीटर पानी था। छतनाग में 84 .14 मीटर। यमुना में 84 .73 मीटर पानी बढ़ा है वही नैनी में 84. 67 मीटर जलस्तर रिकॉर्ड किया गया है ।डीएम के मुताबिक एक सेंटीमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से जलस्तर बन रहा है।

Published on:
18 Sept 2019 01:45 pm
Also Read
View All