प्रयागराज

प्रयागराज में आंधी तूफान का तांडव:  मरने वालों की संख्या हुई 21, मिलेगी चार-चार लाख रुपए की मदद

Weather havoc in Prayagraj: प्रयागराज में तेज आंधी और तूफान से मरने वालों की संख्या बढ़कर 21 हो गई है। मृतक परिजनों को शासन की तरफ से आर्थिक मदद की घोषणा की गई है। ‌

2 min read
फोटो सोर्स- X डीएम प्रयागराज

Storm wreaks havoc in Prayagraj: प्रयागराज में बुधवार को आए आंधी तूफान में जान माल को काफी नुकसान हुआ है। घायलों का उपचार अस्पताल में चल रहा है। जिनमें कई की हालत गंभीर बनी हुई है। ‌प्रशासन मृतक परिजनों और घायलों को राहत पहुंचाने में लगी है। एडीएम वित्त एवं राजस्व ने बताया कि मरने वालों की संख्या में समय के साथ वृद्धि हो रही है। अब-तक 21 लोगों की मौत हो चुकी है। पशुओं के भी मौत होने की जानकारी मिल रही है। उन्होंने लोगों से अपील की आंधी पानी के दौरान सुरक्षित स्थानों पर ठिकाना बना ले गहरे तालाब नदी के पास न जाए। इससे खतरा हो सकता है।बच्चों का भी ध्यान रखें। ‌

प्रयागराज में आंधी-तूफान से भारी नुकसान

उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में आंधी-तूफान से जान-माल का भारी नुकसान हुआ है। मौसम विभाग लगातार इस संबंध में अलर्ट जारी कर रहा है। मृतक और घायलों की संख्या में लगातार वृद्धि हो रही है। इस संबंध में एडीएम विनीता सिंह ने बताया कि पहले 17 लोगों की मौत की खबर मिली थी, लेकिन यह संख्या बढ़ रही है। देर रात में भी मरने वालों की खबर मिली। अब यह संख्या 21 हो गई है।

इन क्षेत्रों में हुआ भारी नुकसान

एडीएम ने बताया कि हंडिया में सात, सोरांव में पांच, फूलपुर और मेजा में चार-चार, सदर तहसील में एक की मौत हुई है। मौके पर तहसील कर्मचारी राहत और बचाव कार्य चला रहे हैं। औपचारिकताएं पूरी की जा रही है। मृतक परिजनों को शासन की तरफ से चार-चार लाख रुपए दिए जाएंगे। उन्होंने बताया कि घायलों को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। जिनमें कुछ की हालत गंभीर बनी हुई है। इस संबंध में जानकारी प्राप्त की जा रही है। ‌

एडीएम ने आम जनमानस से की अपील

एडीएम ने आंधी-तूफान आने के समय सभी को सुरक्षित स्थानों पर जाने के लिए अपील की। उन्होंने कहा कि कच्चे मकान सुरक्षित नहीं है। तेज आंधी के दौरान बिजली के खंभे आदि के पास न खड़े हो, इनके गिरने का भी खतरा हो जाता है। प्रयागराज में तालाब में डूबने की घटनाएं भी बहुत ज्यादा हो रही हैं। आम जनमानस से अपील की जाती है कि तालाब, नदी आदि के नजदीक न जाए। जब तक पूरी जानकारी ना मिल जाए पानी के अंदर ना घुसे। इस मौके पर छोटे बच्चों का विशेष ध्यान रखें 14 साल तक के बच्चों की डूबने की घटनाएं ज्यादा आ रही है।

Published on:
14 May 2026 09:25 pm
Also Read
View All