प्रयागराज

कुंभ से नहाने के बाद इस जगह पहुंचने लगे नागा, करने वाले हैं खास तप

तीन शाही स्नान के बाद तेजी से हो रहे रवाना, खास तप से बढ़ती है उनकी शक्ति
2 min read
Naga Sadhu
Naga Sadhu

प्रयागराज. कुंभ में तीन शाही स्नान करने के बाद नागाओं की रवानगी शुरू हो गयी है। तेजी से नागा खास जगह की और प्रस्थान कर रहे है। कुछ नागा तो पहुंच गये हैं। शिव की उपासना में जुटे इन नागाओं को यहां पर पूजा करने से खास शक्ति मिलती है। नागाओं की वापसी से कुंभ मेले में उनकी कमी होने लगी है।
यह भी पढ़े:-बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष खेलेंगे कुंभ में बड़ा दांव, इतने घंटे में राम मंदिर से लेकर लोकसभा चुनाव के साधेंगे समीकरण

नागा किसी एक स्थान पर उतने दिन ही रुकते हैं जब तक उनकी जरूरत होती है। प्रयागराज में मकर संक्राति से पहले ही नागा आ गये थे और मकर संक्राति, मौनी अमावस्या व बसंत पंचमी का तीन शाही स्नान में नागाओं ने संगम में डुबकी लगायी। इसके बाद नागा सीधे महादेव की नगरी काशी में पहुंच गये हैं। यहां के महाश्मशान मणिकर्णिका घाट से लेकर गंगा के अन्य घाट पर अब नागा दिखने लगे हैं। अभी बहुत कम संख्या में ही नागा वहां पर पहुंचे हैं लेकिन प्रयागराज से उनकी रवानगी का सिलसिला शुरू हो गया है।
यह भी पढ़े:-कुंभ में बसंत पंचमी के स्नान पर मच सकती थी भगदड़, इस आईएएस अधिकारी के प्लान ने संभाली स्थिति

महाशिवरात्रि पर करते हैं गंगा स्नान, शिव भक्ति से मिलती है ताकत
महाशिवरात्रि पर नागा गंगा में स्नान करते हैं और शिवभक्ति करके अपनी शक्ति को बढ़ाते है। काशी में शिवरात्रि के बाद नागा अपने खास स्थान पर चले जाते हैं। प्रयागराज में अभी लाखों की संख्या में नागा जुटे हुए हैं लेकिन धीरे-धीरे उनकी रवानगी शुरू हो गयी है। सप्ताह भर में अधिकांश नागा काशी में पहुंच जायेंगे। इसके बाद एक पखवारे तक काशी में ही प्रवास करेंगे। धार्मिक मान्यता के अनुसार कुंभ में स्नान के बाद काशी में जाकर गंगा स्नान करने से अधिक पुण्य मिलता है इसलिए नागा अब काशी पहुंचने लगे हैं।
यह भी पढ़े:-पीएम मोदी व सीएम योगी की तरह चर्चा में बीजेपी के दो वरिष्ठ नेताओं की जुगलबंदी, कांग्रेस ने भी खेला दांव

Updated on:
12 Feb 2019 10:56 am
Published on:
12 Feb 2019 10:56 am