संसद के बाहर 31 मार्च को प्रदर्शन करेंगे प्रतियोगी
इलाहाबाद. दूसरा व्यापम माने जा रहे एसएससी घोटाले को लेकर प्रतियोगी छात्रों ने मोर्चा खोल दिया है। प्रतियोगियों ने एसएससी द्वारा पांच साल की अवधि में आयोजित भर्ती परीक्षाओं की सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में समयबद्ध सीबीआई जांच कराने, परीक्षा प्रणाली को पारदर्शी व भ्रष्टाचारमुक्त बनाने की मांग को लेकर 31 मार्च को संसद के सामने प्रदर्शन का ऐलान किया है। जिसे युवा हल्ला बोल का नाम दिया गया है। प्रदर्शन को सफल बनाने के लिए युवा मंच व छात्रों ने तैयारियां तेज कर दी हैं। युवा मंच के अध्यक्ष अनिल सिंह ने बताया कि संसदीय समिति ने भी माना है कि बीते साल में नौ बार पेपर लीक होने से आंशिक अथवा पूरी तरह से परीक्षाएं रद्द करनी पड़ीं, जिससे आयोग की साख पर विपरीत प्रभाव पड़ा है।
उन्होंने कहा कि संसदीय समिति की रिपोर्ट के बाद आयोग के प्रति विश्वास बहाली के लिए जरूरी है कि पांच साल की सभी परीक्षाओं की सीबीआई जांच कराई जाए और परीक्षा को आउटसोर्सिंग कंपनियों की बजाए एसएससी खुद आयोजित कराए। जब तक मुकम्मल व्यवस्था ना हो तब तक ऑनलाइन परीक्षा की बजाय ऑफलाइन परीक्षा आयोजित कराई जाए। इससे पेपर लीक की संभावना घटेगी। अध्यक्ष ने बताया कि संयोजक राजेश सचान के नेतृत्व में इलाहाबाद युवा मंच के कार्यकर्ता प्रदर्शन में शामिल होंगे। प्रदेश के अन्य जनपदों के प्रतियोगियों से भी प्रदर्शन में शामिल होने की अपील की गई है।
सोशल मीडिया पर भी चल रहा अभियान
अनिल सिंह के अनुसार इलाहाबाद की विभिन्न डेलीगेसियों में युवा मंच के कार्यकर्ता प्रतियोगियों से सम्पर्क कर दिल्ली चलने की अपील कर रहे हैं। इसके अलावा सोशल मीडिया पर भी अभियान चलाकर प्रदर्शन का समर्थन करने व युवा हल्ला बोल प्रदर्शन में शामिल होने की अपील की जा रही है। जिसके क्रम में छोटा बघाड़ा, सलोरी, कटरा आदि इलाकों में रहने वाले प्रतियोगियों से सम्पर्क किया गया। इस दौरान युवा मंच के सचिव मनीष सिन्हा, बीएड उत्थान जनमोर्चा के प्रदेश उपाध्यक्ष अरविंद मौर्य, रविंद्र पाण्डेय, राहुल कुमार सिंह, उमाशंकर सिंह, अतुल तिवारी, आलोक सिंह, अशोक महादेव, रवीन्द्र पाण्डेय मौजूद रहे।
By: Prasoon Pandey