
Akhilesh Yadav Raebareli Statement Vote Ka Bulldozer:समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने रायबरेली में आयोजित सभा को संबोधित करते हुए भारतीय जनता पार्टी पर तीखा हमला बोला। उन्होंने दावा किया कि इस बार ‘वोट का बुलडोजर’ चलेगा और न सिर्फ रायबरेली में बल्कि पूरे उत्तर प्रदेश से भाजपा का सफाया हो जाएगा।
अखिलेश यादव ने कहा कि सुबह से ही सैकड़ों हजार लोग सड़कों पर हैं। सैकड़ों हजार लोगों ने हमारा स्वागत किया और मुझे उनके अभिवादन स्वीकार करने का अवसर मिला। आज जो जनसमर्थन दिख रहा है, वह भाजपा को उत्तर प्रदेश से मिटाने का काम करेगा। न केवल रायबरेली में भाजपा हारेगी, बल्कि पूरे प्रदेश से उसका सफाया हो जाएगा। उन्होंने पीडीए (पिछड़े, दलित और आदिवासी) की एकता पर जोर देते हुए कहा कि भाजपा आदिवासियों को आदिवासी न कहकर वनवासी कहती है, उनके दिल में आदिवासियों के लिए कोई प्यार नहीं है।
अखिलेश यादव ने चुनाव आयोग पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग के अधिकारी ‘वोट लूटते’ पकड़े गए हैं। उनके अनुसार, अगर पीडीए के वोट नहीं चुराए गए होते तो 2022 में समाजवादी पार्टी की सरकार बन गई होती। पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के उस बयान पर, जिसमें उन्होंने मुख्य चुनाव आयुक्त की गिरफ्तारी की बात कही थी, अखिलेश ने कहा, यह वाकई महत्वपूर्ण है।
उन्होंने मांग की कि चुनाव आयोग किसके निर्देश पर कठपुतली की तरह काम कर रहा था, इसकी जांच होनी चाहिए। जनता को जानने का अधिकार है। अगर ये सिर्फ चर्चाएं थीं या किसी चुनाव आयुक्त की आपत्तियां सामान्य बातचीत का हिस्सा थीं, तो इन्हें सार्वजनिक क्यों नहीं किया जाता? विवरण सामने आने पर जनता खुद फैसला करेगी कि आपत्तियां जायज थीं या नहीं।
इधर, अखिलेश यादव की पीडीए रथ यात्रा पर प्रतिक्रिया देते हुए उत्तर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय ने कहा कि चुनाव प्रचार के लिए कोई भी कहीं जा सकता है। कांग्रेस अपना काम कर रही है और लोगों के सुख-दुख में उनके साथ खड़ी है। लोगों का कांग्रेस में बड़ा पैमाने पर जुड़ाव हो रहा है। आज पूरा देश राहुल गांधी की ओर देख रहा है, जो देश के मुद्दों को मजबूती से उठा रहे हैं।
अखिलेश यादव के इस आक्रामक रुख से साफ है कि आगामी चुनावी समर में समाजवादी पार्टी पीडीए समीकरण और चुनाव प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए भाजपा के खिलाफ मोर्चा खोलने की तैयारी में है। रायबरेली की सभा में दिखे जनसमर्थन को वे भाजपा के खिलाफ निर्णायक हथियार बनाने का दावा कर रहे हैं।