कांग्रेस विधायक अदिति सिंह ने कहा कि मेरी और मेरे सदस्यों की जान खतरे में है।
रायबरेली. रायबरेली सदर विधायक अदिति सिंह ने मंगलवार को हुए खुद पर हुए हमले के बाद बुधवार को पार्टी कार्यालय में प्रेस कांफ्रेंस की और सुरक्षा व्यवस्था की कड़ी आलोचना करते हुए डीएम व एसपी के ट्रांस्फर की मांग की। कांग्रेस विधायक अदिति सिंह ने कहा कि मेरी और मेरे सदस्यों की जान खतरे में है। अतः मुझे व पंचायत सदस्यों को पर्याप्त सुरक्षा प्रदान की जाए। इसी के साथ ही डीएम और एसपी का ट्रांसफर किया जाए। उन्होंने कहा कि इस घटना में शामिल लोगों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाए।
रास्ते में हम लोगों पर जानलेवा हमला किया गया-
बुधवार को कांग्रेस पार्टी कार्यालय पर प्रेस वार्ता कर पूरे घटनाक्रम का बारे में बताते हुए अदिति सिंह ने एमएलसी दिनेश प्रताप सिंह पर गंभीर आरोप लगाए हैं। अदिति सिंह ने कहा कि 14 मई को रायबरेली जिला पंचायत अध्यक्ष के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव आना था। इसी सिलसिले में हम लोग अन्य नेताओं के साथ जिला पंचायत सदस्यों को रिसीव करने गए थे। लेकिन रास्ते में हम लोगों पर जानलेवा हमला किया गया।
अदिति ने बताया कि लखनऊ-रायबरेली रोड पर स्थित टोल प्लाजा पर पुलिस की मौजूद नहीं थी और वहां दिनेश प्रताप सिंह के गुंडे खड़े थे। हम लोगों के वहां पहुंचते ही उन्होंने काफिले पर पथराव कर दिया। हमलावरों ने जिला पंचायत सदस्य आरपी यादव को बुरी तरह पीटा। सदस्य की हत्या के इरादे से लाल कलर की स्कॉर्पियो चढ़ाई गई। यादव ट्रामा सेंटर में भर्ती हैं जहां उनका इलाज चल रहा है। ईश्वर की कृपा है कि मैं बोल पा रही हूं।
राज्यपाल को सौंपा ज्ञापन-
इसी सिलसिले में बुधवार को कांग्रेस के एक प्रतिनिधि मंडल ने लखनऊ में राज्यपाल राम नाईक से मुलाकात कर रायबरेली की घटना पर एक ज्ञापन सौंपा। राज्यपाल से मुलाकात करने वाले प्रतिनिधि मंडल में कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष राज बब्बर के साथ कांग्रेस के अन्य नेता शामिल थे।