- दो को पुलिस ने लिया हिरासत में, बाकी फरार
रायगढ़. एक युवक ने अपने परिवार वालों के साथ मिलकर किशोरी को भगाया। इसके बाद उसे कुछ दिन यहां, तो कुछ दिन वहां किराए के मकान में रखने लगा और उसके साथ लगातार दो माह तक अनाचार किया। जब आरोपी का किशोरी से मन भर गया तो वह उसे वापस गांव लाकर छोड़ दिया। इस घटना में पुलिस ने युवक के परिवार वालों को भी आरोपी बनाया है। क्योंकि वे इन दोनों को यहां से वहां लाने व ले जाने और इसके बाद छोडऩे का काम किया।
साथ ही किशोरी को भगाने में युवक की सहायता भी कर रहे थे। फिलहाल पारिवारिक सलाह मशविरा के बाद किशोरी ने घटना की शिकायत थाने में की है। जहां पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ अपराध दर्ज करते हुए दो को हिरासत में ले लिया है। घटना सरिया थाना क्षेत्र की है।
पुलिस से मिली जानकारी के सांकरा रामपुर निवासी वृंदावन प्रधान 19 वर्ष ने करीब दो माह पहले सरिया क्षेत्र की एक किशोरी को शादी का भरोसा दिलाकर बहलाया। इसके बाद उसका अपहरण कर उसे तराईमाल ले गया। वहां किराए के मकान में किशोरी के साथ कुछ दिन अनाचार करके फिर अपने घर ले गया। इसके बाद फिर से उसे ओडिशा ले गया, जहां किराए का कमरा नहीं मिलने पर फिर अपने गांव लाकर उसे पंचायत भवन में रखा। इसके बाद फिर उसे तराईमाल ले गया और कुछ दिन फिर अपने घर ले आया। इसी बीच उसने किशोरी के साथ करीब दो माह तक लगातार अनाचार किया। वहीं जब उसका मन भर गया तो उसने किशोरी को अपने घर से भगा दिया। करीब दो सप्ताह बाद किशोरी ने पारिवारिक सलाह मशविरा के बाद घटना की शिकायत 22 सितंबर को सरिया थाने में की है।
आरोपी के परिवार वाले भी बने आरोपी
पुलिस ने बताया कि किशोरी का अपहरण करने उसे तराईमाल छोडऩे लेने जाने, ओडिशा छोडऩे लेने जाने में उसके परिवार के लोग पिता लव प्रधान, चाचा ब्रम्हा प्रधान, दादा गोपाल प्रधान, मामा सरोज प्रधान ने अहम भूमिका निभाई है। ऐसे में पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ अपराध दर्ज कर लिया है। वहीं मुख्य आरोपी व उसके चाचा को हिरासत में भी ले लिया है।