रायगढ़

39th Chakradhar Samaroh 2024: हेमा मालिनी की राधा रासबिहारी के मंचन से सजेगा चक्रधर समारोह, 10 दिनों तक सजेगी सुर-ताल की महफिल

39th Chakradhar Samaroh 2024: रायगढ़ शहर में 39 वां चक्रधर समारोह का आयोजन 7 सितंबर से शुरू होगा और 16 सितंबर तक चलेगा। कार्यक्रम की शुरुआत पद्मश्री हेमा मालिनी की नृत्य नाटिका राधा रासबिहारी के मंचन से होगा। कार्यक्रम के अंतिम दिन कुमार विश्वास के कविता पाठ से कार्यक्रम का समापन होगा।

3 min read
Aug 31, 2024

39th Chakradhar Samaroh 2024: छत्तीसगढ़ के रायगढ़ शहर में 39 वां चक्रधर समारोह का आयोजन 7 सितंबर से शुरू होगा और 16 सितंबर तक चलेगा। रामलीला मैदान होने वाले इस कार्यक्रम की शुरुआत पद्मश्री हेमा मालिनी की नृत्य नाटिका राधा रासबिहारी के मंचन से होगा। वहीं 11 सितंबर को मीनाक्षी शेषाद्रि के भरत नाट्यम होगा।

39th Chakradhar Samaroh 2024: वहीं कार्यक्रम के अंतिम दिन कुमार विश्वास के कविता पाठ से कार्यक्रम का समापन होगा। जिला प्रशासन से गठित कलाकार चयन समिति ने कलाकारों की लिस्ट फायनल कर ली है। अंर्तराष्ट्रीय स्तर पर आयोजित होने वाले चक्रधर समारोह का आयोजन 7 सितंबर गणेश चतुर्थी से दिन से शुरू होगी। यह कार्यक्रम प्रतिदिन शाम 6 बजे से शुरू होगा। कलाकार चयन समिति की अनुशंसा पर कलाकारों को समारोह के लिए आमंत्रित किया जा चुका है। उल्लेखनीय है कि कोरोना के समय से इस आयोजन की व्यवस्था बिगड़ गई थी। अब जब स्थिति सामान्य हो चुकी है तो इस साल भी फिर भव्य आयोजन होगा।

पहला दिन 7 सितंबर

कार्यक्रम पहले दिन शाम 5.30 बजे से शुभारंभ कार्यक्रम पद्मश्री रामलाल का समान, भूपेंद्र बरेठ द्वारा कथक समूह नृत्य, मनियर भगत जशपुर द्वारा कर्मा लोकनृत्य तथा पद्मश्री हेमा मालिनी द्वारा भरतनाट्यम पर आधारित नृत्य नाटिका 'राधा रासबिहारी' की प्रस्तुति होगी।

दूसरा दिन 8 सितंबर

विजय शर्मा रायगढ़ द्वारा लोक गायन, वाणी राव भोपाल द्वारा शास्त्रीय गायन, पद्मश्री रंजना गौहर दिल्ली द्वारा ओड़िसी नृत्य, मंदाकिनी स्वैन दिल्ली द्वारा शास्त्रीय गायन तथा सौगत गांगुली कोलकाता द्वारा सरोद वादन प्रस्तुति देंगे।

तीसरा दिन 9 सितंबर

रामप्रसाद सारथी खरसिया द्वारा शास्त्रीय गायन, जया दीवान और धरित्री सिंह चौहान द्वारा कथक, शैकी सिंह दिल्ली द्वारा कथक, गजेन्द्र पंड़ा त्रिधारा भुवनेश्वर द्वारा ओड़िसी नृत्य, जीतू शंकर मुंबई द्वारा यूजन, तबला, संतूर, सितार, वायलिन, परकशन तथा चांद अफजल कादरी द्वारा कव्वाली की प्रस्तुति दी जाएगी।

चौथा दिन 10 सितंबर

अनिता शर्मा रायगढ़ द्वारा भजन, नीत्या खत्री बिलासपुर द्वारा कथक, तमसीर मोहमद रायपुर द्वारा अकार्डियन वादन, शिव प्रसार राव दिल्ली द्वारा शास्त्रीय गायन, राकेश चौरसिया मुंबई द्वारा बांसुरी वादन, बासंती वैष्णव एवं ज्योतिश्री बोहिदार बिलासपुर द्वारा कथक व प्रभंजय चतुर्वेदी रायपुर गजल गायन की प्रस्तुति देंगे।

पांचवां दिन 11 सितंबर

सौया नामदेव रायगढ़ द्वारा कथक, विधि सेन गुप्ता द्वारा ओड़िसी, दीपमाला सिंह द्वारा कथक, अनुष्का सोनी जबलपुर द्वारा सितार वादन, उपासना भास्कर द्वारा कथक समूह नृत्य, मीनाक्षी शेषाद्रि द्वारा भरतनाट्यम व राकेश शर्मा एवं निशा शर्मा द्वारा लोक गायन की प्रस्तुति दी जाएगी।

छठवां दिन 12 सितंबर

अंशुल प्रताप सिंह भोपाल द्वारा तबला वादन, दीक्षा घोष रायगढ़ द्वारा भरतनाट्यम, अन्विता विश्वकर्मा रायपुर द्वारा कथक, डॉ. आरती सिंह रायपुर द्वारा कथक, राहुल शर्मा मुंबई द्वारा संतूर एवं रामकुमार मिश्र दिल्ली द्वारा तबला वादन, डॉ.जी. रथीस बाबू द्वारा भरतनाट्यम एवं कुचिपुड़ी व इंदिरा कला एवं संगीत विश्वविद्यालय के कलाकारों द्वारा विविध छत्तीसगढ़ी लोकनृत्य की प्रस्तुति दी जाएगी।

सातवां दिन 13 सितबर

हुतेन्द्र ईश्वर शर्मा रायगढ़ द्वारा छत्तीसगढ़ी समूह नृत्य-गीत, शार्वी केशरवानी सारंगढ़ द्वारा कथक, भद्रा सिन्हा एवं गायत्री शर्मा दिल्ली द्वारा भरतनाट्यम, लकी मोहंती कटक द्वारा ओड़िसी, मुदुस्मिता दास गुवाहाटी द्वारा असमिया सत्रीया नृत्य, विद्या प्रदीप कोचिन द्वारा मोहिनीअट्टम तथा पद्मश्री डॉ. भारती बंधु रायपुर द्वारा कबीर एवं सूफी गायन की प्रस्तुति होगी।

आठवां दिन 14 सितंबर

अनंता पाण्डेय रायगढ़ द्वारा विविध कला नृत्य, शाश्वती बनर्जी रायगढ़ द्वारा कथक, कृष्णभद्रा नबूदरी मुंबई द्वारा भरतनाट्यम, डॉ. रघुपतरूनी श्रीकांत श्रीकाकुलम द्वारा कुचिपुड़ी, विनोद मिश्रा सतना द्वारा शास्त्रीय गायन (याल एवं ठुमरी, ग्वालियर घराना), पौशाली चटर्जी कोलकाता द्वारा मणिपुरी व आलोक श्रीवास दिल्ली द्वारा कथक नृत्य की प्रस्तुति दी जाएगी।

नौवा दिन 15 सितंबर

पलक देवांगन रायगढ़ द्वारा कथक, पंडित प्रदीप कुमार चौबे रायपुर द्वारा शास्त्रीय गायन, भूमिसुता मिश्रा रायपुर द्वारा ओड़िसी नृत्य, वेदिका शरण बिलासपुर द्वारा कथक, माया कुलश्रेष्ठ दिल्ली द्वारा कथक, पद्मश्री देवयानी दिल्ली द्वारा भरतनाट्यम तथा पद्मश्री अनुज शर्मा रायपुर द्वारा छत्तीसगढ़ लोक गायन की प्रस्तुति देंगे।

दसवां दिन 16 सितंबर

16 सितंबर को सायं 5.30 बजे से मानसी दत्ता गुआहाटी द्वारा बीहू लोकनृत्य तथा अनिल कुमार गढ़ेवाल बिलासपुर द्वारा गेंड़ी लोकनृत्य की प्रस्तुति दी जाएगी। इसी दिन कवि समेलन होगा। इसमें डॉ. कुमार विश्वास गाजियाबाद, पद्मश्री डॉ.सुरेन्द्र दुबे, दिनेश बावरा, सुदीप भोला एवं साक्षी तिवारी

Updated on:
31 Aug 2024 01:39 pm
Published on:
31 Aug 2024 01:38 pm
Also Read
View All

अगली खबर