शहर के तिउर पारा स्थित निर्माणाधीन पुलिया का मामला एक बार फिर तूल पकड़ता जा रहा है। पिछले दिनों क्षेत्र के प्रभावित लोगों ने इस मामले को लेकर कलेक्टर से मुलाकात की थी।
वहीं अधूरे पुलिया को पूरा किए जाने की मांग की थी। इसके बाद भी निगम इस दिशा में किसी प्रकार की कार्रवाई नहीं कर रहा है। ऐसे में अब निगम के खिलाफ प्रदर्शन की तैयारी भी चल रही है।
शहर का वार्ड क्रमांक 11 पिछड़े वार्ड की श्रेणी में शामिल है। यहां के तिऊर पारा व धोबी पारा मोहल्ला के बीच बहने वाले नाला में का पुलिया बनाया गया था। यह पुलिया तिऊर पारा से धोबीपारा व चांदनी चौक जाने के लिए इस क्षेत्र के लोगों का सुलभ रास्ता था,
लेकिन तेज बारिश से पुलिया बह गई। तब से लेकर अब तक इस क्षेत्र में रहने वाले लोग कई बार नगर निगम कार्यालय पहुंच कर पुलिया को फिर से बनाने की मांग कर चुके हैं,
लेकिन शहर सरकार अब तक इस मामले में गंभीर नहीं हो सकी है। पुलिया के अभाव में इस क्षेत्र में रहने वाले लोग कई बार मजबूरी में नाले के गंदे पानी से आवागमन करते देखे जा सकते हैं।
तिऊर पारा मोहल्ला पिछड़ा क्षेत्र है। ऐसे में यहां के लोगों का यह भी आरोप है कि निगम के अधिकारियों द्वारा विकास कार्य में भी भेदभाव किया गया है।
यहां के लोग इसी पुलिया से आवागमन करते थे, लेकिन जब से यह पुलिया ढहा है लोगों की परेशानी बढ़ गई है। तिऊर पारा मोहल्ला के अलावा बाबूपारा व अन्य मोहल्ला के लोग भी इसी पुलिया से आवागमन करते थे। इसके बाद भी पुलिया का निर्माण पूरा नहीं कराया जा रहा है।
ऐसे में लोग परेशान हो रहे हैं। अब यह कहा जा रहा है कि पुलिया का निर्माण जल्द ही शुरू नहीं कराया जाता है तो लोग नगर निगम पहुंचते हुए प्रदर्शन करेंगे।
फंड की कमी का दे रहे हवाला
नगर निगम के द्वारा पुलिया का निर्माण आधा करवाया गया है। इसके बाद से काम बंद हो गया। काम बंद होने के पीछे फंड की कमी बताई गई। यह फंड की समस्या अब तक समाप्त नहीं हो सकी।
हालांकि अब लोग यह कह रहे हैं निगम के द्वारा लाखों रुपए पैचवर्क के नाम पर फूंक दी गई। वहीं यह पैचवर्क कुछ माह बाद ही उखड़ गई। इस तरह निगम फंड को खर्च कर रही है, लेकिन पुलिया के निर्माण में उदासीनता बरती हुई है।
- पुलिया निर्माण के लिए नगर निगम के अधिकारियों को कई बार आवेदन दिया जा चुका है, लेकिन इसका काम शुरू नहीं हो सका। वहीं पिछले दिनों मोहल्लेवासियों के साथ कलेक्टर से मुलाकात करते हुए पुलिया के अधूरे निर्माण को पूरा कराने की मांग की गई है। अधूरे निर्माण से हो रही समस्या को देखते हुए लोग प्रदर्शन की तैयारी कर रहे हैं।