
CG B.Ed Teachers Protest: सेवा सुरक्षा की मांग को लेकर बुधवार को बीएडधारी सहायक शिक्षकों ने बीजेपी कार्यालय कुशाभाऊ परिसर में प्रदर्शन किया और धरने में बैठ गए। बी-एड सहायक शिक्षक बर्खास्तगी के आदेश को वापस लेने की मांग कर रहे हैं। बीजेपी ऑफिस में इन शिक्षकों ने संगठन महामंत्री पवन साय से मुलाकात की जहां पर साय द्वारा उनकी बात सुनकर किसी तरह की प्रतिक्रिया नहीं दी गई।
बुधवार को बीजेपी कार्यालय से पैदल शांति यात्रा के रूप में निकली बीएड सहायक शिक्षकों की रैली माना में पहुंचकर हनुमान चालीसा का पाठ करने लगी, इस दौरान पुलिस की टीम ने 31 लोगों के खिलाफ धारा 151 लगाकर उन्हें पहले माना कैंप ले जाया गया और फिर उसके बाद देर शाम उन्हें सेन्ट्रल जेल भेज दिया गया।
उल्लेखनीय है कि 2 अप्रैल 2024 को छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने बीएडधारी नवनियुक्त सहायक शिक्षकों को पदमुक्ति का आदेश दिया था। हाईकोर्ट के आदेश का पालन करने के लिए स्कूल शिक्षा विभाग बीएड सहायक शिक्षकों को पदमुक्ति करने की कार्रवाई कर रहा है। मंगलवार को जिलों में पदमुक्ति की कार्रवाई करने के लिए लोक शिक्षण संचालनालय ने जिला शिक्षा कार्यालयों को आदेश जारी कर दिया है।
B.Ed योग्यताधारी सहायक शिक्षकों की प्रमुख मांग है कि उन्हें नौकरी से न हटाया जाए। उनका कहना है कि यह निर्णय उनके और उनके परिवारों के लिए गंभीर संकट उत्पन्न कर रहा है। वे चाहते हैं कि सरकार हाईकोर्ट के आदेश पर पुनर्विचार करे और B.Ed शिक्षकों को भी सेवा में बनाए रखे।
यह मामला राज्य सरकार के लिए एक बड़ी चुनौती बन गया है। एक ओर हाईकोर्ट का आदेश है, तो दूसरी ओर शिक्षकों का बढ़ता आक्रोश। अब यह देखना होगा कि सरकार इस विवाद को कैसे सुलझाती है और शिक्षकों के भविष्य को सुरक्षित करने के लिए क्या कदम उठाती है।