
Chhattisgarh Weather Update: छत्तीसगढ़ में नवंबर की शुरुआत के साथ ही मौसम का मिजाज बदलने लगा है। बंगाल की खाड़ी से उठा चक्रवाती तूफान कमजोर पड़ने के बाद प्रदेश में बारिश की गतिविधियां कम हो गई हैं। मौसम शुष्क होने के साथ ही अब सुबह और रात के समय हल्की ठंड महसूस होने लगी है। राजधानी रायपुर समेत प्रदेश के कई इलाकों में ठंडी हवाओं का असर दिखाई देने लगा है।
मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले तीन दिनों में प्रदेश के न्यूनतम तापमान में 1 से 3 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट हो सकती है। इससे रात के समय ठंड का एहसास और बढ़ने की संभावना है। हालांकि, दिन के तापमान में फिलहाल किसी बड़े बदलाव के संकेत नहीं हैं।
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक, छत्तीसगढ़ में अब मौसम मुख्य रूप से शुष्क रहने की संभावना है। प्रदेश में बारिश की गतिविधियां थमने के बाद तापमान में धीरे-धीरे गिरावट देखने को मिल सकती है। अगले तीन दिनों के दौरान न्यूनतम तापमान में 1 से 3 डिग्री सेल्सियस तक कमी आने का अनुमान है। इसके बाद तापमान में किसी विशेष बदलाव की संभावना नहीं जताई गई है। ऐसे में नवंबर के पहले सप्ताह में ही प्रदेश के लोगों को सुबह और रात के समय हल्की ठंड का एहसास होने लगेगा।
पिछले 24 घंटों के दौरान छत्तीसगढ़ के एक-दो स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई। इस दौरान कोहकामेटा में सबसे अधिक 4 सेंटीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई। तापमान की बात करें तो प्रदेश में सबसे अधिक अधिकतम तापमान 31.1 डिग्री सेल्सियस रायपुर और माना में दर्ज किया गया। वहीं, सबसे कम न्यूनतम तापमान 14.3 डिग्री सेल्सियस अंबिकापुर में रिकॉर्ड हुआ। इन आंकड़ों से साफ है कि प्रदेश में दिन के समय अभी भी गर्मी का असर बना हुआ है, जबकि रात के तापमान में गिरावट के कारण ठंडक महसूस होने लगी है।
राजधानी रायपुर में 7 नवंबर को आसमान मुख्य रूप से साफ रहने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार, शहर का अधिकतम तापमान करीब 31 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 19 डिग्री सेल्सियस के आसपास रह सकता है। सुबह और रात के समय हल्की ठंडी हवाएं चलने से मौसम सुहावना महसूस हो सकता है। वहीं, दिन में धूप निकलने के कारण गर्मी का हल्का असर बना रह सकता है। ऐसे में राजधानी में फिलहाल दिन और रात के मौसम में अंतर देखने को मिलेगा।
मौसम विभाग के अनुसार, पूर्वी तेलंगाना और उससे लगे तटीय आंध्र प्रदेश के ऊपर ऊपरी हवा में चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है। यह समुद्र तल से करीब 4.5 किलोमीटर की ऊंचाई पर सक्रिय है। हालांकि, इस मौसमी सिस्टम के प्रभाव से छत्तीसगढ़ में फिलहाल किसी बड़े बदलाव के संकेत नहीं मिले हैं। प्रदेश में बारिश की गतिविधियां कम रहने और मौसम शुष्क बने रहने का अनुमान है।
कुल मिलाकर नवंबर के पहले सप्ताह में छत्तीसगढ़ का मौसम धीरे-धीरे बदल रहा है। बारिश का दौर कमजोर पड़ने के बाद अब न्यूनतम तापमान में गिरावट का सिलसिला शुरू होने की संभावना है। अगले तीन दिनों में रात के तापमान में 1 से 3 डिग्री सेल्सियस तक कमी आ सकती है। फिलहाल प्रदेश में कड़ाके की ठंड की स्थिति नहीं है, लेकिन सुबह और रात के समय हल्की ठंड महसूस होने लगी है। आने वाले दिनों में तापमान में होने वाली गिरावट के साथ सर्दी का असर धीरे-धीरे बढ़ सकता है।