
Contractors Protest: सरकारी निर्माण विभागों में बकाया बिलों का भुगतान कई महीनों से नहीं होने से हजारों ठेकेदारों ने आक्रोश जताते हुए मोर्चा खोला है। राजधानी में राज्य स्तरीय बैठक करके छत्तीसगढ़ कांट्रेक्टर्स एसोसिएशन ने कड़ी आपत्ति दर्ज कराई। निर्माण विभागों में मनमानी और विसंगतियों से अवगत कराने के लिए मुख्यमंत्री, दोनों डिप्टी सीएम और वित्त मंत्री से मिलने के लिए पत्र भेजा, ताकि निविदा बहिष्कार और निर्माण कार्य बंद करने जैसी स्थितियां निर्मित न हों।
कांट्रेक्टर्स एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष बीरेश शुक्ला का कहना है कि सबसे अधिक परेशानी उपमुख्यमंत्री अरुण साव के विभागों में है। क्योंकि उनके अधीन लोक निर्माण, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकीय विभाग (पीएचई) और नगरीय प्रशासन जैसे बड़े विभाग हैं, जिनमें काम करने वाले कांट्रेक्टर सबसे अधिक परेशान हैं। ऐसा ही हाल पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग में है। सबसे अधिक आक्रोश इस बात को लेकर है कि दो साल में एक बार भी कांट्रेक्टरों की बैठक डिप्टी सीएम अरुण साव द्वारा नहीं ली गई।
Contractors Protest: नल जल योजना का आवंटित राज्यांश वापस लिए जाने को लेकर कांट्रेक्टर एसोसिएशन ने कड़े शब्दों में निंदा की है। ठेकेदारों ने ऐसा फरमान तुरंत वापस नहीं लेने और बकाया बिल भुगतान नहीं होने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है। शुक्ला के अनुसार मुख्यमंत्री समेत दोनों डिप्टी सीएम अरुण ध्रुव, विजय शर्मा और वित्तमंत्री ओपी चौधरी को पत्र लिखकर मिलने का समय मांगा। परंतु एक सप्ताह होने को है, आज तक कोई जवाब तक नहीं मिला है।