- प्रदेश में पहली बार होम आइसोलेशन में रह रहे मरीजों से बातचीत कर जिलों की रैंकिंग जारी - 80,427 मरीजों ने होम आइसोलेशन में रहते हुए दी कोरोना को मात
रायपुर. कोरोना मरीजों को दिए गए होम आइसोलेशन के विकल्प की बदौलत ही आज राज्य का रिकवरी रेट 86 प्रतिशत जा पहुंचा है। 26 अक्टूबर तक प्रदेश में संक्रमित 1,77608 मरीजों में से 1,53,654 मरीज स्वस्थ हुए। जिनमें से 80,427 मरीजों ने होम आइसोलेशन में रहते हुए कोरोना को मात दी।
वर्तमान में करीब 18 हजार मरीज होम आइसोलेशन में हैं। राज्य कोरोना कंट्रोल एंड कमांड सेंटर रायपुर से सभी 28 जिलों में होम आइसोलेशन में रहने वाले मरीजों से फोन पर संपर्क किया गया। इनसे 11 सवाल पूछे और उसके आधार पर जिलों की रैंकिंग जारी की गई है। जिसमें सभी को पछाड़ते हुए दुर्ग जिले नंबर-1 रहा। यानी यहां होम आइसोलेशन में रहने वाले मरीज स्थानीय प्रशासन, स्वास्थ्य विभाग और नगर निगम द्वारा दी जा रही सेवाओं से संतुष्ट हैं।
रायपुर नंबर 4 पर
यह पहली बार यह है जब मरीजों से मिले फीडबैक के आधार पर रैंकिंग जारी की गई है। मरीजों से मिलने वाले फीडबैक के जरिए व्यवस्था में चूक तो सामने आई ही है, साथ ही अब जिलों के बीच प्रतिस्पर्धा भी बढ़ेगी। जिले बेहतरी के लिए और ज्यादा मेहनत करेंगे। इसका सीधा फायदा मरीजों को होगा। कोरोना कंट्रोल एंड कमांड सेंटर के सदस्य एवं मेडिकल कॉलेज रायपुर के कम्युनिटी मेडिसीन विभाग के प्रोफेसर डॉ. कमलेश जैन का कहना है कि किसी भी व्यवस्था में सुधार की गुंजाइश हमेशा होती है। ग्राउंड जीरो से जिन कमियों की जानकारी सामने आई है, उन्हें दूर करना होगा।
फैक्ट फाइल-
- 19 से 23 अक्टूबर के बीच 1,850 मरीजों से हुए सवाल
- 65 प्रतिशत पुरुष, 35 प्रतिशत महिला मरीज ने दिए जवाब
- 53 प्रतिशत मरीज 21 से 40 साल के, जिन्होंने दिए जवाब
शीर्ष 5 जिले, जहां व्यवस्थाएं ठीक-
जिले- स्कोर (प्रतिशत में)
दुर्ग- 91
रायगढ़- 88
सरगुजा- 88
रायपुर- 85
कवर्धा- 85
नीचले क्रम से 5 जिले, जहां व्यवस्था में सुधार की जरुरत-
जिले- स्कोर (प्रतिशत में)
बिलासपुर- 81
मुंगेली- 80
सूरजपुर- 80
जांजगीर चांपा- 77
कोरबा- 77