CG Traffic Advisory: वन-वे ट्रैफिक लागू होगा, यात्रियों को एयरपोर्ट और रेलवे स्टेशन के लिए 1 घंटे पहले निकलने की सलाह दी गई है।
CG Traffic Advisory: नेशनल हाईवे-53 पर रायपुर और दुर्ग को जोड़ने वाले कुम्हारी (खारुन नदी) पुल पर 1 अप्रैल से मरम्मत का काम शुरू होने जा रहा है। यह काम करीब एक महीने तक चलेगा, जिसके चलते इस मार्ग पर यातायात व्यवस्था प्रभावित रहने की संभावना है।
हर दिन करीब डेढ़ लाख वाहनों की आवाजाही को देखते हुए ट्रैफिक पुलिस और एनएचएआई ने विशेष ट्रैफिक प्लान तैयार किया है। अधिकारियों ने लोगों को सलाह दी है कि यदि उन्हें एयरपोर्ट, रेलवे स्टेशन या किसी जरूरी काम से जाना है, तो वे कम से कम एक घंटा पहले घर से निकलें।
मरम्मत के दौरान पुल के एक हिस्से से ही दोनों दिशाओं का ट्रैफिक बारी-बारी से चलाया जाएगा। इस वजह से यहां जाम लगने की स्थिति बन सकती है। पुलिस ने चंदनीडीह से कुम्हारी टोल तक ओवरटेकिंग पर पूरी तरह रोक लगा दी है और नियम तोड़ने वालों पर कार्रवाई की चेतावनी दी है।
ट्रैफिक पुलिस ने स्पष्ट किया है कि सुबह और शाम के पीक टाइम में इस मार्ग पर अधिक दबाव रहेगा, जिससे यात्रियों को लंबा इंतजार करना पड़ सकता है। इसलिए जरूरी कार्यों के लिए समय से पहले निकलना बेहद जरूरी होगा।
भिलाई-दुर्ग से नया रायपुर या एयरपोर्ट जाने वाले यात्री सेलूद-पाटन-अभनपुर मार्ग का इस्तेमाल कर सकते हैं।
दुर्ग से रायपुर आने वालों के लिए सेलूद-फूंडा-जामगांव-अमलेश्वर मार्ग बेहतर विकल्प रहेगा।
चरोदा और भिलाई-3 क्षेत्र के लोग सिरसा गेट-मोतीपुर-अमलेश्वर मार्ग से रायपुर पहुंच सकते हैं।
कार और बाइक चालक रायपुर से दुर्ग जाते समय चंदनीडीह से मुड़कर पुराने रपटे या भाठागांव-अमलेश्वर मार्ग का उपयोग कर सकते हैं।
ट्रैफिक डीएसपी सतीश ठाकरु ने बताया कि यात्रियों को असुविधा न हो, इसके लिए पहले ही स्थल निरीक्षण कर प्लान तैयार किया गया है। उन्होंने वाहन चालकों से अपील की है कि वे जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें, ताकि अनावश्यक परेशानी से बचा जा सके।
कुम्हारी पुल रायपुर और दुर्ग के बीच सबसे महत्वपूर्ण कनेक्टिविटी का प्रमुख हिस्सा है, जहां से रोजाना हजारों की संख्या में छोटे-बड़े वाहन गुजरते हैं। यह मार्ग न केवल आम यात्रियों, बल्कि औद्योगिक और व्यावसायिक गतिविधियों के लिए भी बेहद अहम है।
लगातार बढ़ते ट्रैफिक और भारी वाहनों के दबाव के कारण समय-समय पर इस पुल की मरम्मत और रखरखाव जरूरी हो जाता है। हालांकि, मरम्मत कार्य के दौरान ट्रैफिक डायवर्जन और वन-वे व्यवस्था से लोगों को अस्थायी परेशानी का सामना करना पड़ता है।