रायपुर

EV: ओवरचार्जिंग और गलत कनेक्शन से हादसे का डर, चार्जिंग में जरा सी चूक खतरनाक

इंदौर हादसे ने ईवी गाडिय़ों की सुरक्षा पर सवाल खड़े कर दिए हैं। इस हादसे को लेकर जब विशेषज्ञों से बात की गई तो उन्होंने कहा कि ओवर चार्जिंग और घरों में गलत कनेक्शन से इस तरह की घटनाएं हो रही हैं। जानकारी के मुताबिक प्रदेश में इलेक्ट्रिक वाहनों (ईवी) की मांग तेजी से बढ़ […]

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Mar 19, 2026
EV: ओवरचार्जिंग और गलत कनेक्शन से हादसे का डर, चार्जिंग में जरा सी चूक खतरनाक

इंदौर हादसे ने ईवी गाडिय़ों की सुरक्षा पर सवाल खड़े कर दिए हैं। इस हादसे को लेकर जब विशेषज्ञों से बात की गई तो उन्होंने कहा कि ओवर चार्जिंग और घरों में गलत कनेक्शन से इस तरह की घटनाएं हो रही हैं। जानकारी के मुताबिक प्रदेश में इलेक्ट्रिक वाहनों (ईवी) की मांग तेजी से बढ़ रही है और हर महीने 3300 से ज्यादा ईवी की बिक्री हो रही है, लेकिन इसके साथ ही सुरक्षा को लेकर चिंता भी बढ़ गई है।

इंदौर में हुई घटना के बाद सतर्कता बढ़ी

हाल ही में इंदौर में हुई घटना के बाद ईवी वाहन चालकों और खरीदारों में सतर्कता बढ़ी है। राजधानी रायपुर में हर महीने करीब 1000 दोपहिया और 125 चारपहिया ईवी बिक रही हैं, जबकि पूरे प्रदेश में यह आंकड़ा 3000 से ज्यादा तक पहुंच गया है। बढ़ती डिमांड के बीच विशेषज्ञ अब साफ तौर पर चेतावनी दे रहे हैं कि यदि चार्जिंग के दौरान जरूरी सावधानियां नहीं बरती गईं, तो यह तकनीक जोखिम भरी साबित हो सकती है।

50 डिग्री सेल्सियस से नीचे होने पर ही चार्जिंग

विशेषज्ञों के मुताबिक, ईवी चार्जिंग के दौरान सही कनेक्शन, सर्टिफाइड चार्जर और उचित अर्थिंग बेहद जरूरी है। घरों में वोल्टेज के उतार-चढ़ाव से भी बैटरी को नुकसान पहुंच सकता है और आग लगने जैसी घटनाएं हो सकती हैं। आईआईटी के प्रोफेसर शैलेंद्र कुमार का कहना है कि कंपनियों को बैटरी की थर्मल एनालिसिस पर खास ध्यान देना चाहिए, वहीं उपभोक्ताओं को भी यह समझना होगा कि सफर से लौटते ही तुरंत चार्जिंग शुरू करना सही नहीं है। बैटरी का तापमान 50 डिग्री सेल्सियस से नीचे आने के बाद ही चार्जिंग करनी चाहिए और कम से कम 5 मिनट का गैप रखना जरूरी है। रायपुर ऑटोमोबाइल्स डीलर्स एसोसिएशन के उपाध्यक्ष कैलाश खेमानी ने बताया कि सही आदतें अपनाने से जोखिम लगभग खत्म किया जा सकता है। इलेक्ट्रिक गाडिय़ां भविष्य की जरूरत हैं, लेकिन उनकी सुरक्षित चार्जिंग हमारी जिम्मेदारी है। थोड़ी सी सावधानी अपनाकर हम बड़े हादसों से बच सकते हैं।

इन बातों का भी ध्यान रखना जरूरी

  1. सर्टिफाइड चार्जर का ही इस्तेमाल करें : हमेशा कंपनी द्वारा दिए गए या प्रमाणित चार्जर का उपयोग करें। लोकल या सस्ते चार्जर आग लगने का खतरा बढ़ा सकते हैं।
  2. ओवरचार्जिंग से बचें : बैटरी को 100 प्रतिशत चार्ज करने के बाद तुरंत चार्जर निकाल लें। लगातार ओवरचार्जिंग से बैटरी गर्म हो सकती है और उसकी लाइफ कम हो जाती है।
  3. वेंटिलेशन वाली जगह पर चार्ज करें : चार्जिंग के दौरान बैटरी गर्म होती है, इसलिए वाहन को खुले या हवादार स्थान पर रखें।
  4. केबल और प्लग की नियमित जांच करें : चार्जिंग केबल में कट, ढीलापन या जलने के निशान हो तो तुरंत बदल दें।
  5. रातभर चार्जिंग से बचें : लंबे समय तक बिना निगरानी के चार्जिंग करना जोखिम भरा हो सकता है।
  6. बैटरी में किसी तरह की छेड़छाड़ न करें : खुद से बैटरी खोलना या मॉडिफिकेशन करना बेहद खतरनाक हो सकता है। हमेशा अधिकृत सर्विस सेंटर से ही काम कराएं।8 आग से बचाव के लिए खास सावधानियां : चार्जिंग पॉइंट के पास ज्वलनशील चीजें (कागज, पेट्रोल आदि) न रखें, घर में चार्जिंग करते समय फायर एक्सटिंग्विशर जरूर रखें
Updated on:
19 Mar 2026 12:01 am
Published on:
19 Mar 2026 12:00 am
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