
PDS Scam in CG: छत्तीसगढ़ के रायपुर में सार्वजनिक वितरण प्रणाली (PDS) के तहत राशन वितरण में सामने आई अनियमितताओं पर प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाया है। जांच के दौरान गड़बड़ी पाए जाने पर दो उचित मूल्य दुकानों का संचालन समाप्त कर दिया गया, जबकि एक दुकान संचालक पर ₹7,000 का अर्थदंड लगाते हुए कड़ी चेतावनी जारी की गई है।
वर्तमान में राज्य में ई-पॉस मशीन के माध्यम से आधार आधारित प्रमाणीकरण कर राशनकार्डधारियों को खाद्यान्न का वितरण किया जा रहा है। हितग्राही बायोमेट्रिक सत्यापन के बाद ही राशन प्राप्त कर रहे हैं, जिससे व्यवस्था में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित हो रही है। राज्य सरकार का उद्देश्य है कि खाद्यान्न की आपूर्ति केवल वास्तविक और पात्र हितग्राहियों तक ही पहुंचे।
खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण संचालनालय द्वारा उचित मूल्य दुकानों की नियमित निगरानी के लिए अधिकारियों की टीमें गठित की गई हैं। इन टीमों ने विभिन्न दुकानों का निरीक्षण कर वितरण प्रक्रिया, रिकॉर्ड संधारण और आधार प्रमाणीकरण की स्थिति की गहन जांच की। इस दौरान कुछ दुकानों में गंभीर अनियमितताएं सामने आईं।
जांच के आधार पर जिला रायपुर के खाद्य नियंत्रक द्वारा आईडी क्रमांक 441001314 “मां भगवती खाद्य सुरक्षा पोषण एवं उपभोक्ता सहकारी समिति, बैरन बाजार” और आईडी क्रमांक 441001256 “श्री जय शीतला काली खाद्य सुरक्षा पोषण एवं उपभोक्ता सेवा सहकारी समिति, बढ़ईपारा” का संचालन अधिकार समाप्त कर उन्हें अन्य उचित मूल्य दुकानों में संलग्न कर दिया गया है। वहीं, आईडी क्रमांक 441001148 “दूधाधारी महिला प्राथमिक सहकारी उपभोक्ता भंडार, महामाया मंदिर वार्ड क्रमांक-62” में अनियमितता पाए जाने पर ₹7,000 का अर्थदंड अधिरोपित किया गया है।
खाद्य सचिव रीना बाबासाहेब कंगाले ने स्पष्ट किया कि सार्वजनिक वितरण प्रणाली के अंतर्गत किसी भी उचित मूल्य दुकान में यदि खाद्यान्न वितरण में अनियमितता पाई जाती है, तो छत्तीसगढ़ सार्वजनिक वितरण प्रणाली (नियंत्रण) आदेश, 2016 के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार पारदर्शी, जवाबदेह और लाभार्थी-केंद्रित राशन वितरण प्रणाली के प्रति पूरी तरह प्रतिबद्ध है।