NEET Exam: नीट यूजी के फार्म भरने का अंतिम समय आ गया है। अब सिर्फ 5 दिन शेष बचे हैं। बता दें कि इस बार प्रदेश में 400 सीटें बढ़ेंगी..
NEET Exam: नीट यूजी के फार्म भरने में महज 5 दिन बाकी रह गए हैं। छात्र 8 मार्च तक ऑनलाइन फार्म भर सकेंगे। नीट यूजी 3 मई को होगी। ये परीक्षा न केवल देश, बल्कि विदेश में भी होगी। इस साल प्रदेश में एमबीबीएस की 400 सीटें बढ़ने की संभावना है। हालांकि नीट में 2 माह बाकी है। 12वीं की परीक्षा चल रही है। इसके बाद छात्र नीट की तैैयारी में फोकस करेंगे। छात्र फिजिक्स, केमेस्ट्री, बायोलॉजी समेत इससे जुड़े विषयों पर फोकस कर पढ़ाई करेंगे। कुछ कोचिंग संस्थान क्रैश कोर्स के माध्यम से भी छात्रों की तैयारी करा रहे हैं। यह दो माह का कोर्स होता है, जिसे करवाया जा रहा है। जो छात्र सालभर कोचिंग नहीं कर पाते, ऐसे छात्र इसमें शामिल होकर तैयारियों को अंतिम रूप देते हैं।
सरकारी मेडिकल कॉलेजों की 82 फीसदी सीटें स्टेट कोटे की होती हैं। इसमें स्थानीय छात्रों को एडमिशन मिलता है। जबकि 15 फीसदी सीटें ऑल इंडिया व 3 फीसदी सीटें सेंट्रल पूल की होती हैं। जबकि निजी कॉलेजों में 42.5-42.5 फीसदी सीटें स्टेट व मैनेजमेंट तथा 15 फीसदी सीटें एनआरआई कोटे के लिए होती हैं। प्रदेश में नेहरू मेडिकल कॉलेज रायपुर में सबसे ज्यादा 230 सीटें हैं। दुर्ग में 200 सीटों पर प्रवेश दिया जाएगा।
प्रदेश में 2026-27 सत्र के लिए एमबीबीएस की 2730 सीटों पर प्रवेश होने की संभावना है। इस साल 5 सरकारी व एक निजी कॉलेज को मान्यता मिलने की संभावना है। 5 सरकारी कॉलेजों में 50-50 के हिसाब से 250 सीटें मिल सकती हैं। वहीं, निजी कॉलेज ने एमबीबीएस की 150 सीटों के लिए आवेदन किया है। नए सत्र में 6 मेडिकल कॉलेज खुल सकते हैं और एमबीबीएस की 400 सीटें बढ़ने की संभावना है। इससे कुल सीटें 2330 से बढ़कर 2730 हो जाएगी। सीटें बढ़ने से कट ऑफ मार्क्स गिरेगा और इसका फायदा नीट की तैयारी कर रहे छात्रों को मिलेगा।
नए सत्र में बस्तर संभाग में एक और सरकारी मेडिकल कॉलेज शुरू होने की संभावना है। दंतेवाड़ा जिले के गीदम में कॉलेज खुलेगा। इसके अलावा कवर्धा, जांजगीर-चांपा, मनेंद्रगढ़, जशपुर सरकारी तथा रायपुर में निजी मेडिकल कॉलेज खुलने की संभावना है। प्रदेश में वर्तमान में 10 सरकारी समेत 15 कॉलेज हैं। इस साल पिछले साल यूआर कैटेगरी में 720 में 470 अंक लाने वाले छात्रों को मुश्किल से सरकारी कॉलेज में एमबीबीएस की सीट मिली थी। दरअसल, नीट का परचा काफी कठिन था, जिससे छात्रों को ज्यादा स्कोर लाने में परेशानी हुई। पिछले साल नेशनल टॉपर ने 720 में 682 नंबर लाया था। प्रदेश से हर साल करीब 45 हजार छात्र नीट का फार्म भरते हैं। इसमें आधे छात्र ही क्वालिफाइड कर पाते हैं।
पांच नए सरकारी मेडिकल कॉलेजों के लिए पहले ही नेशनल मेडिकल कमीशन में आवेदन किया जा चुका है। नए कॉलेजों में एनएमसी कभी भी निरीक्षण कर सकती है। इसलिए हमारी तैयारी जारी है। डीन की नियुक्ति की जा चुकी है, फैकल्टी भी जल्द नियुक्त किए जाएंगे।
-डॉ. यूएस पैकरा, डीएमई
नए सत्र के लिए एमबीबीएस की सीटें बढ़ने की संभावना है। ये सीटें सरकारी व निजी कॉलेजों में बढ़ेंगी। इसलिए नीट की तैयारी कर रहे छात्रों को सभी विषयों पर फोकस कर तैयारी करनी चाहिए। सीटें बढ़ने से कट ऑफ गिरेगा, जिससे छात्रों को एडमिशन लेने में आसानी होगी।