बहुत जल्द ही राज्य में ई-रिक्शा के समान ही हर जगह सोलर रिक्शा (solar rickshaws ) सडक़ों पर दिखेंगे। क्योंकि ये ई-रिक्शा ( e-rickshaws) से सस्ते और अन्य रिक्शा की तुलना में सुलभ व प्रदूषण फ्री ( more accessible and pollution free ) होंगे।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने राजधानी के अक्षय ऊर्जा विकास अभिकरण (क्रेडा) कार्यालय परिसर में अक्षय ऊर्जा के क्षेत्र में 50 करोड़ रुपए से अधिक के विकास कार्यों का लोकार्पण व भूमिपूजन किया। उन्होंने सौर ऊर्जा संचालित बैटरी स्वैपिंग स्टेशन और सामान्य से सौर ऊर्जा में परिवर्तित ई-रिक्शा का लोकार्पण भी किया। इसका निर्माण क्रेडा ने किया है। इससे रिक्शा चालक को बार-बार बैटरी चार्ज करने की समस्या से राहत मिलेगी।
साय ने सौर ऊर्जा से संचालित ई रिक्शा का लोकार्पण करते कहा कि इस पहल से ई-रिक्शा चालकों की आय में वृद्धि होगी। रामनवमी की शुभ घड़ी में अक्षय ऊर्जा के क्षेत्र में बड़े कामों की शुरुआत हुई है। अक्षय ऊर्जा का अधिकाधिक उपयोग स्वच्छ और सुरक्षित भविष्य की ओर ले जाएगा। बिजली आज की सबसे बड़ी आवश्यकता है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश में नवीकरणीय ऊर्जा के क्षेत्र में नए लक्ष्य तय किए गए हैं। इन्हें पूरा करने की दिशा में तेजी से काम हो रहा है। इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा, मंत्री केदार कश्यप, मंत्री रामविचार नेताम, विधायक मोतीलाल साहू, विधायक अनुज शर्मा, विधायक संपत अग्रवाल, विधायक सुनील सोनी, क्रेडा के नवनियुक्त अध्यक्ष भूपेंद्र सवन्नी, ऊर्जा विभाग के सचिव डॉ. रोहित यादव सहित बड़ी संख्या में आमजन मौजूद थे।
विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने कहा कि पूरी दुनिया स्वच्छ पर्यावरण के लिए अक्षय ऊर्जा को अपना रही है। अब फॉसिल फ्यूल का उपयोग धीरे-धीरे कम होगा और नवीकरणीय ऊर्जा से रिप्लेस हो जाएगा।
1- बिजली से ही बैटरी चार्ज कर सकते हैं। / - सौर ऊर्जा से अन्य सोर्स से बैटरी स्वैप कर सकते हैं।
2- लेड एसिड तकनीक आधारित बैटरी की वारंटी औसतन एक साल रहती है। / - लिथिमय ऑयन बैटरी की वारंटी औसतन 2 वर्ष दी जा रही है।
3- चार नग लेड एसिड बैटरी का वजन 120 किलो /- दो नग लिथिमय ऑयन बैटरी का वजन 36 किलो
4- पुराने हो चुके लेड एसिड बैटरी से ई-रिक्शा लगभग 70 किमी चलते हैं, चार्जिंग में सालाना लगभग 17 हजार रुपए खर्च । /- लिथिमय ऑयन बैटरी से ई-रिक्शा औसतन 97 किमी चलते हैं, चार्जिंग में सालाना लगभग 16 हजार रुपए खर्च।
5- इससे मासिक आय लगभग 16 हजार 800 रुपए होती है। /- मासिक आय लगभग 23 हजार 280 रुपए तक हो सकती है।