
BREAKING: छत्तीसगढ़ की राजधानी में स्वच्छता व्यवस्था को दुरुस्त करने और नगर निगम की वित्तीय स्थिति को मजबूत करने के लिए व्यापक रणनीति तैयार की गई है। रायपुर नगर निगम के आयुक्त संबित मिश्रा की अध्यक्षता में आयोजित साप्ताहिक टीएल (TL) समीक्षा बैठक में राजस्व वसूली और नागरिक सुविधाओं से जुड़े कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए। महात्मा गांधी सदन स्थित निगम मुख्यालय में आयोजित इस बैठक में आयुक्त ने स्पष्ट निर्देश दिए कि तय लक्ष्यों को समय पर हासिल किया जाए और लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर जिम्मेदारी तय की जाए।
राजस्व संग्रह को गति देने के लिए नगर निगम ने चालू वित्त वर्ष में करदाताओं को विशेष प्रोत्साहन देने की घोषणा की है। आयुक्त ने अधिकारियों को निर्देशित किया है कि जो नागरिक 31 दिसंबर 2026 तक अपना पूरा संपत्तिकर (प्रॉपर्टी टैक्स) जमा करेंगे, उन्हें नियमानुसार 4% की छूट प्रदान की जाए। इस छूट का लाभ अधिक से अधिक लोगों तक पहुँचाने के लिए सभी जोन कमिश्नरों और सहायक राजस्व अधिकारियों को अभियान चलाकर वसूली प्रक्रिया में तेजी लाने के निर्देश दिए गए हैं। इसके साथ ही, लंबे समय से टैक्स न भरने वाले बड़े बकायेदारों से सख्ती से वसूली करने के आदेश भी जारी किए गए हैं।
निगम क्षेत्र में पानी की बर्बादी और राजस्व घाटे को रोकने के लिए अवैध जल कनेक्शनों के खिलाफ बड़ा अभियान शुरू किया जा रहा है। बैठक में आयुक्त ने निर्देश दिए कि शहर में चल रहे अवैध नल कनेक्शनों पर नियमानुसार जुर्माना लगाकर उन्हें नियमित किया जाए और संबंधित उपभोक्ताओं से नियमित जलकर वसूला जाए। इसके अतिरिक्त, आम जनता को राहत देते हुए संपत्ति के नामांतरण (Mutation) से जुड़े लंबित आवेदनों का एक निश्चित समयसीमा के भीतर निराकरण सुनिश्चित करने को कहा गया है। बैठक में नगर निगम और स्वास्थ्य विभाग द्वारा की जा रही ई-चालान की संयुक्त कार्रवाई की भी समीक्षा की गई।
शहर की सफाई व्यवस्था की जमीनी हकीकत परखने के लिए आयुक्त ने विशेष तरीका अपनाया। समीक्षा के दौरान उन्होंने सफाई से जुड़ी जनशिकायतों के निपटारे की स्थिति जानी और स्थलों की सफाई से पहले और बाद की तस्वीरें (Before & After Pictures) देखकर कार्यों की गुणवत्ता जांच की। जोन कमिश्नरों को सख्त हिदायत दी गई कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में सफाई व्यवस्था को पहली प्राथमिकता पर रखें और कचरा प्रबंधन में किसी भी तरह की ढिलाई न बरतें।
आगामी त्योहारों के मौसम को ध्यान में रखते हुए आयुक्त ने पूरे शहर में बंद पड़ी स्ट्रीट लाइटों को तत्काल दुरुस्त करने के आदेश दिए हैं, ताकि नागरिकों को आवाजाही में परेशानी न हो। इसके साथ ही, शहर में तेजी से पनप रही अवैध प्लॉटिंग, अवैध कॉलोनियों और अनधिकृत निर्माणों पर कड़ा रुख अपनाया गया है। जिन निर्माणों को नियमानुसार समझौता (कंपाउंडिंग) कर वैध किया जा सकता है, उनमें तय प्रक्रिया अपनाई जाएगी, जबकि नियमों का उल्लंघन करने वाले अवैध निर्माणों को ढहाने की कार्रवाई की जाएगी।
शहर के विकास कार्यों की समीक्षा करते हुए आयुक्त ने प्रधानमंत्री आवास योजना (PMAY) और मुख्यमंत्री नगरोत्थान योजना के तहत अधूरे पड़े मकानों व निर्माण कार्यों को जल्द से जल्द पूरा करने को कहा। जल संरक्षण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से शहर में अधिक से अधिक स्थानों पर रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम लगाने और उनका उचित रखरखाव करने वाली संस्थाओं व नागरिकों को प्रोत्साहित करने का निर्णय लिया गया। इसके अलावा, सीएम हेल्पलाइन, कलेक्टर जनदर्शन और आम जनता से मिलने वाली शिकायतों को प्राथमिकता के आधार पर समयसीमा के भीतर हल करने के निर्देश दिए गए।