
CG Weather News: छत्तीसगढ़ में मानसून एक बार फिर सक्रिय हो गया है। मौसम विभाग ने राज्य के कई जिलों में अगले 24 घंटों के दौरान बहुत भारी बारिश की संभावना जताते हुए अलर्ट जारी किया है। लगातार हो रही बारिश और सक्रिय मानसूनी सिस्टम को देखते हुए लोगों से सतर्क रहने की अपील की गई है। मौसम विभाग के अनुसार, कई जिलों में तेज बारिश के साथ गरज-चमक, बिजली गिरने और कुछ स्थानों पर तेज हवाएं चलने की भी संभावना है। निचले इलाकों में जलभराव, नदी-नालों के उफान पर आने और यातायात प्रभावित होने की आशंका जताई गई है।
मौसम विभाग ने बलौदाबाजार, बेमेतरा, दुर्ग, गौरेला-पेंड्रा-मरवाही (GPM), जांजगीर-चांपा, कबीरधाम, खैरागढ़-छुईखदान-गंडई (KCG), कोरबा, महासमुंद, रायपुर, सक्ती और मुंगेली सहित कई जिलों में अगले 24 घंटों के दौरान बहुत भारी बारिश होने की संभावना जताई है।
बिलासपुर जिले में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। कई इलाकों में जलभराव की स्थिति बन गई है, जबकि तेज बारिश के चलते दो मकान ढह गए। इनमें एक बुजुर्ग महिला का कच्चा मकान भी पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। राहत की बात यह रही कि स्थानीय लोगों और प्रशासन की तत्परता से महिला को समय रहते सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जिससे बड़ा हादसा टल गया।
लगातार बारिश के कारण कमजोर हो चुके मकानों की दीवारें और छतें भरभराकर गिर गईं। एक बुजुर्ग महिला का मकान पूरी तरह ढह गया। घटना के समय महिला घर में मौजूद थीं, लेकिन आसपास के लोगों ने उन्हें समय रहते बाहर निकाल लिया। बारिश के कारण कई निचले इलाकों में पानी भर गया। घरों में घुटनों तक पानी पहुंचने से लोगों को अपना सामान छोड़कर सुरक्षित स्थानों पर जाना पड़ा।
बिलासपुर जिले में लगातार हो रही बारिश का असर अब नदी-नालों पर साफ दिखाई देने लगा है। रातभर हुई मूसलाधार बारिश के बाद कांजी नाला उफान पर आ गया है। हालात ऐसे हैं कि नाले का पानी पुल के ऊपर से बह रहा है, जिससे रिंगनी-कुकदा मार्ग पर आवागमन जोखिम भरा हो गया है। प्रशासन ने लोगों से इस मार्ग पर आवाजाही नहीं करने और पूरी सतर्कता बरतने की अपील की है।