माओवादियों के शव कंधे पर रखकर 30 किमी पैदल चले जवान
जगदलपुर . माओवाद प्रभावित सुकमा जिले में ऑपरेशन मॉनसून के तहत मंगलवार देररात मार्कागुड़ा में जंगलों में सुरक्षाबलों को बड़ी कामयाबी मिली है। माओवादियों की मिलिट्री नंबर वन हिड़मा व इलाके की कमांडर भीमे के गढ़ में मार्कागुड़ा के जंगलों में सुरक्षाबलों ने तीन माओवादी को मार गिराया। सुकमा एसपी अभिषेक मीणा ने बताया कि एक माओवादी को गिरफ्तार किया गया है।
घटनास्थल से माओवादियों के शव, 315 बोर पिस्टल, 4 भरमार बंदूक, एक आइइडी व दैनिक उपयोग की सामग्री बरामद की गई है। पुलिस अधिकारियों को जानकारी मिली थी कि इलाके में माओवादियों ने बैठक रखी है। इसके बाद डिस्ट्रिक्ट रिजर्व ग्रुप (डीआरजी) व स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) के जवानों को रवाना किया गया।
दिनभर जंगल की खाक छानने के बाद मंगलवार की शाम जैसे ही गोलगुंडा पहाड़ी पर पहुंचे वैसे ही माओवादियों ने उन्हें देख लिया और उनपर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। जवाब में पुलिस जवानों ने भी मोर्चा संभाला और फायङ्क्षरग शुरू की। इसमें तीन माओवादियों को मार गिराया। वहीं मौके से भाग रहे एक माओवादी को पुलिस ने पकड़ लिया।
माओवादियों के शव कंधे पर रखकर 30 किमी पैदल चले जवान : यह मुठभेड़ सुकमा जिला मुख्यालय से करीब 46 किमी दूर हुई थी। ऑपरेशन की कामयाबी के बाद जवान मारे गए तीनों माओवादियों के शवों को कंधे पर रखकर छोटे-बड़े नालों और पहाडि़यों से होकर लौटे। जवानों के मुताबिक वे लोग ३० किमी तक शवों को कंधे पर रखकर चले। इसके बाद जब सामान्य रास्ता आया तो वहां से ट्रैक्टर के माध्यम से इन शवों को मुख्यालय लाया गया।
15 लाख के इनामी दंपती सहित तीन माओवादियों ने किया समर्पण
नारायणपुर ञ्च पत्रिका. 14 साल से माओवादी संगठन में सक्रिय होकर कई वारदातों में शामिल रहने वाले एक दंपती सहित 3 माओवादियों ने बस्तर आइजी विवेकानंद सिन्हा के समक्ष बुधवार को आत्मसमर्पण कर दिया। डीवीसीएम मिलिट्री कम्पनी नम्बर 6 कमांडर व पूर्व बस्तर डिवीजन कमांडर इन चीफ सोभी कतलाम व उसकी पत्नी सुमित्रा साहू पर सरकार ने १५ लाख रुपए का इनाम घोषित कर रखा है।
इस दंपती का 2013 में माओवादी संगठन ने अबुझमाड़ में विवाह कराया था। इन पर करीब 18 संगीन वारदातों में शामिल होने का आरोप है। इनके साथ ही डीएएमकेएस सदस्य बुधसन पदामि ने भी हथियार डाल दिए हैं।