
Raisen Four friends funeral: मध्य प्रदेश के रायसेन जिले के औबेदुल्लागंज इलाके के दीवटिया गांव की गलियों में एक साथ चार अर्थियां निकलीं तो हर तरफ सन्नाटा पसर गया। जिन गलियों में कुछ घंटे पहले तक पांच दोस्तों के लौटने का इंतजार था, वहीं के चार घरो से जब अर्थियां उठी तो गांव गमगीन हो गया। किसी मां की आंखें अपने बेटे को आखिरी बार तलाश रही थीं तो किसी घर का इकलौता चिराग हमेशा के लिए बुझ चुका था। नर्मदा किनारे आमलीघाट पर जब चारो युवको की चिताएं एक साथ जलीं, तो पूरा क्षेत्र गमगीन हो उठा। सभी की आंखें भर आईं।
बता दें कि रविवार रात सलकनपुर मार्ग पर तेज रफ्तार कार के नीलगिरी के पेड़ से टकराने (Raisen Accident) से दीवटिया के चार युवकों का निधन हो गया। जबकि पांचवां युवक प्रशांत नागर भोपाल एम्स में भर्ती है। रविवार रात करीब 10.30 बजे पांचों युवक गणेश प्रतिमा देखने तामोट गए थे। रात करीब सवा बारह बजे लौटते समय गांव से लगभग आधा किलोमीटर पहले ही पेट्रोल पंप के सामने कार अनियंत्रित होकर सड़क किनारे नीलगिरी के पेड़ से जा टकराई।
सूचना मिलते ही पुलिस और ग्रामीण मौके पर पहुंचे। बड़ी मशक्कत के बाद युवकों को बाहर निकाला गया। घटना में घ्याल तीन युवकों का मौके पर ही निधन हो गया था। 18 वर्षीय आशीष नागर और प्रशांत नागर को भोपाल एम्स रेफर किया गया। यहां आशीष का भी रात करीब 1.30 बजे मौत हो गई। प्रशांत का इलाज भोपाल एम्स में चल रहा है।
हादसे ने चार परिवारों को जिंदगीभर का दर्द दे दिया। गौरव अपने परिवार का इकलौता बेटा था। शुभम के पिता की 15 साल पहले एक सड़क दुर्घटना में निधन हो चुका है। बहनों की शादी के बाद वह अपनी मां का एकमात्र सहारा था। अब घर में मां अकेली रह गई हैं। क्रिश और आशीष भी अपने परिवारों में छोटे भाई-बहनों के बीच घर के महत्वपूर्ण सदस्य थे।
पुलिस के अनुसार, कार की रफ्तार 100 से 120 किलोमीटर प्रति घंटे के आसपास होने की संभावना है। बारिश के कारण सड़क किनारे की मिट्टी और घास चिकनी होने से कार के फिसलने की आशंका जताई जा रही है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।