
राजगढ़/ब्यावरा। शासन ने जिस मकसद से प्रधानमंत्री आवास का आगाज किया उसमें गरीबों को भले ही छत नसीब नहीं हुई हो, लेकिन अब उन्हें कर्जदार करने की तैयारी की जा रही है। अब राजस्व विभाग का अमला भू-राजस्व की तर्ज पर उनसे वसूली करेगा।
दरअसल, 2011 की जनगणना के हिसाब से ऐसे पात्र हितग्राही जिन्हें राशि मिलने के बावजूद वे उपयोग नहीं कर पाए उनसे वसूली होगी। प्रशासन का राजस्व अमला न सिर्फ अब उनसे वसूली करेगा, बल्कि बकाया रहने की स्थिति में उक्त राशि को ऋण पुस्तिका पर तौजी (भू-राजस्व) के तौर पर चढ़ा दिया जाएगा। जिनके पास जमीन नहीं है उनके राशन कार्ड या अन्य शासकीय दस्तावेज पर बतौर कर्ज के वह राशि चढ़ा दी जाएगी, जिसे जमा करने के बाद ही शासन की अन्य योजना का लाभ उन्हें मिलेगा। इसके लिए बुधवार से प्रशासन की टीमें गांवों में जाएगी।
10-10 पंचायतों में जाएगा दल
हाल ही में हुई बैठक में यह निर्णय प्रशासनिक अफसरों ने लिया है जिसमें आवास की बकाया राशि वसूलने एसडीएम, तहसीलदार, नायब तहसीलदार और राजस्व अमला जनपद की टीम के साथ जाएगा। इसमें 10-10 पंचायतों का समहू बनाया गया है जिसमें दल जाएगा। तमाम पंचायतों में सर्च किया जाएगा, व्यवहारिक तौर पर काउंसिलिंग की जाएगी। देखा जाएगा कि यदि हितग्राही आवास बनाने की स्थिति में है तो उन्हें और समय दिया जाएगा, लेकिन विवादित और ज्याया बिगड़े मामलों में न सिर्फ वसूली होगी बल्कि एफआईआर तक दर्ज करवाई जा सकती है।
शासन की मंशा : हर हाल से आवास बनें
राजस्व अमले को साथ वसूली करने के पीछे शासन की मंशा है कि जिन गरीबों के लिए आवास आंवटित हुए हैं वे हर हाल में उन तक पहुंचे। इसके लिए पहले उन्होंने ऐसे हितग्राही चुने जिन्होंने पहली किश्त ले ली। फिर दूसरी और तीसरी किश्त का आंकलन किया।
कुछ हद तक वसूली हुई भी है,लेकिन जहां स्थितियां बिगड़ी वहां के लिए यह सख्त कदम उठाया गया है, जिसमें उन्हीं हितग्राहियों पर सख्ती होगी जिन्होंने जानबूझकर राशि का उपयोग नहीं किया। बता दें कि जिला पंचायत द्वारा जिलेभर कर छह सौ ऐसे हितग्राहियों को नोटिस दिए जा चुके हैं जिन्होंने आवास नहीं बनाए।
फैक्ट फाइल
4569 को दी पहली किश्त
4680 को दूसरी किश्त
4094 को तीसरी किश्त
ब्यावरा के 22 हितग्राहियों से होगी भू-राजस्व वसूली
ब्यावरा के 38 हितग्राहियों से की वसूली
एफआईआर तक करने की तैयारी
(जनपद पंचायत ब्यावरा की जानकारी)
हमारी प्राथमिक कोशिश है कि हितग्राही हर हाल में आवास बनाएं। राजस्व अमलो को इसमें हमने जिम्मा दिया है जिसमें वे खुद वसूली करेंगे और बकाया रहने वालों पर टिक लगाएंगे। फिर भू-राजस्व की तर्जपर उन्हें बकाया जमा करना होगा।
-प्रवीणसिंह, सीईओ, जिला पंचायत, राजगढ़