ये कैसा मतदाता सूची का शुद्धिकरण: डोर-टू-डोर सर्वे के बावजूद नहीं हटे स्थानांतरित हो चुके अधिकारी और कर्मचारियों के नाम...
राजगढ़ .प्रदेश में 16 लाख बोगस मतदाताओं का दावा राजगढ़ जिले में साबित हो रहा है। यहां हाल ही में जो मतदाता सूची का प्रकाशन हुआ उसमें वर्तमान कलेक्टर कर्मवीर शर्मा के अलावा पूर्व में कलेक्टर रहे सीहोर कलेक्टर तरुण पिथोड़े और आनंद शर्मा जिन्होंने पिछले विधानसभा चुनाव करवाए थे और वर्तमान में भोपाल में कमिश्नर हैं के भी नाम जुड़े हैं।
दरअसल, विधानसभा चुनाव को लेकर मतदाता शुद्धिकरण का कार्य लगभग तीन माह से चल रहा है, लेकिन इस काम में अधिकारी या फिर उनका अमला जमीन पर कितना काम कर रहा है यह हाल ही में जारी हुई मतदाता सूची को देखकर पता लग जाता है।
ऐसे में आम मतदाता जिनके ग्रामीण क्षेत्र के साथ ही शहरी क्षेत्र में नाम जुड़े हैं उनके नाम कब कटेंगे यह वक्त ही बताएगा? लेकिन इतनी बड़ी चूक कहीं न कहीं मतदाता सूची को लेकर किए जा रहे प्रयासों पर पानी फेर रहे हैं। चुनाव आयोग जहां लगातार मतदाता सूची को लेकर खासा गंभीर है और बोगस मतदाताओं के नाम हटाने को लेकर लगातार गाइड लाइन जारी कर रहा है लेकिन जिले में अभी भी इसे लेकर गंभीरता नजर नहीं आ रही।
जिलेभर में ऐसे कई मतदाता होंगे जिनके नाम एक से दो जगह दर्ज हैं।
वहीं, यदि सिर्फ राजगढ़ की बात की जाए तो संकट मोचन कॉलोनी, बाराद्वारी, बाड़्या और भंवर कॉलोनी, में ऐसे कई मतदाता रहते हैं जिनके नाम राजगढ़ नगर पालिका में होने के साथ ही ग्राम पंचायतों में भी दर्ज हैं, लेकिन इनके नाम अभी तक नहीं हटाए गए हैं।
डोर टू डोर कर रहे सर्वे
मतदाता शुद्धिकरण के लिए प्रशासन की टीम अब डोर-टू-डोर सर्वे करने में लगी है। बीएलओ लेवल पर काम किए जा रहे हैं, टीम घर जाकर लोगों को चेकआउट कर रही है। इसमें उनमें तय किया जा रहा है कि कितने नये नाम जुड़े हैं और कितने शिफ्ट हो गए और कितनों की मृत्यु हो गई। हालांकि इस सर्वे का कोई दायरा प्रशासन ने तय नहीं किया है, अभी भी कई ऐसे लोगों के नाम पोर्टल पर प्रदर्शित हो रहे हैं जिनके यहां का सर्वे प्रशासनिक टीम कर चुकी है। इस गड़बड़झाले ने प्रशासनिक व्यवस्था की पोलपट्टी खोल दी है।
फैक्ट-फाइल
-१०,१४,३७१ कुल मतदाता जिले में।
-२१,000 के नाम शुद्धिकरण में कटे।
-६००० अकेले राजगढ़ विस में कटे।
(जिला प्रशासन से प्राप्त जानकारी के अनुसार)
अभी भी आनंद शर्मा का नाम जुड़ा है, यही नहीं अन्य कलेक्टर और एसडीएम जो बहुत पहले जा चुके हैं जब उनके नाम जुड़े हैं तो फिर अन्य बोगस मतदाताओं के नाम कैसे कटेंगे। अकेले राजगढ़ में ही दो हजार से ज्यादा मतदाता फर्जी निकलेंगे।
-हेमराज कल्पोनी, पूर्व विधायक कांग्रेस, राजगढ़
पोर्टल पर एक प्रोसेस के थू्र नाम हटाए जाते हैं, हमारी ओर से संबंधित नाम हटवा दिए गए हैं। हो सकता है पोर्टल पर अपडेट नहीं हुआ हो, कुछ तकनीकि काम होते हैं। फिर भी मैं चेक करवाती हूं, जहां भी नाम गलत जुड़े होंगे उन्हें तत्काल प्रभाव से हटाए जाएंगे।
-ममता खेड़े, एसडीएम, राजगढ़