
राजनांदगांव. आबकारी विभाग ने स्वतंत्रता दिवस के दिन धुर नक्सल प्रभावित क्षेत्र चिल्हाटी इलाके में दबिश देकर 25 लाख रूपए की शराब बरामद करने में सफलता हासिल की है। जब्त की गई शराब मध्यप्रदेश और महाराष्ट्र की है। सहायक आबकारी आयुक्त नीतू नोतानी ठाकुर और उनकी टीम ने बुधवार को दोपहर से लेकर देर रात तक इस कार्रवाई को अंजाम दिया।
मुखबिर की सूचना पर इलाके में सक्रिय आबकारी अमले ने पहले एक टाटा सफारी गाड़ी में करीब 15 पेटी शराब पकड़ी और फिर उसकी निशानदेही पर दो अलग अलग घरों से बड़े पैमाने पर शराब बरामद की गई।
तीनों मामलों में चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है। इन आरोपियों में एक छत्तीसगढ़ आम्र्स फोर्स (सीएएफ) का वीआरएस लिया जवान है, जो अपनी पुरानी आईडी कार्ड दिखाकर शराब से भरी गाडिय़ों की आवाजाही का काम करता था।
पहले मिली 15 पेटी शराब
सहायक आबकारी आयुक्त ठाकुर ने पत्रिका को बताया कि उनकी टीम को सूचना मिली थी कि चौकी क्षेत्र से लगे महाराष्ट्र की सीमा के माध्यम से यहां शराब की तस्करी कर लाने का काम चल रहा है। इस आधार पर बुधवार को ड्राई डे के दिन टीम ने इस इलाके में नजर रखी।
इसी दौरान चिल्हाटी से आगे झिटिया मोड़ पर एक टाटा सफारी की जांच की गई। इस टाटा सफारी में बैठे एक व्यक्ति जीतू विश्वकर्मा ने खुद को सीएएफ का जवान बताया और उसने अपना कार्ड दिखाया।
संदिग्ध लगने पर उस गाड़ी की जांच की गई तो उसमें से मध्यप्रदेश की 5 पेटी आईबी शराब और मध्यप्रदेश की ही 10 पेटी गोवा शराब मिली। टाटा सफारी क्रमांक सीजी 07 एलयू 0011 के साथ दो आरोपियों जीतू विश्वकर्मा और आसाराम मुलेटी को गिरफ्तार किया गया।
अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई
छत्तीसगढ़ में शराब दुकानों के सरकारीकरण होने के बाद से मध्यप्रदेश और महाराष्ट्र से यहां शराब की तस्करी के मामले बढ़ गए हैं। आबकारी विभाग और पुलिस अवैध शराब तस्करों के खिलाफ लगातार कार्रवाई भी कर रही है लेकिन माओवाद प्रभावित इलाके में इस तरह दबिश देकर इतनी बड़ी मात्रा में शराब बरामद करने का यह संभवत: पहला मामला है।
कार्रवाई में ये रहे शामिल
अवैध शराब तस्करों के खिलाफ कार्रवाई के लिए कलक्टर भीम सिंह के निर्देश पर सहायक आबकारी आयुक्त नीतू नोतानी ठाकुर के साथ आबकारी उप निरीक्षक घुमका एसके द्विवेदी, आबकारी उप निरीक्षक राजनांदगांव धीरज कन्नौजिया, आबकारी उप निरीक्षक अंबागढ़ चौकी स्वाति चौरसिया सहित आरक्षक राकेश दुबे, ओमप्रकाश सिन्हा, सुरेन्द्र झारिया, दीपक गुप्ता, कमल मेश्राम, प्रभुनारायण, निजाम शाह, छोटेलाल, लखनलाल ओस्ले और देवेन्द्र तिवारी इस कार्रवाई में शामिल रहे।