राजसमंद

सावधान! बंद रखें दरवाजे-खिड़कियां, नहीं तो पड़ सकता है भारी

आमेट के एक मकान में आधी रात ऐसा क्या हुआ कि मच गई अफरा-तफरी
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A Python in house
सावधान! बंद रखें दरवाजे-खिड़कियां, नहीं तो पड़ सकता है भारी

आमेट. नगर के रेलवे स्टेशन क्षेत्र में स्थित एक मकान में रविवार देर रात को अजगर घुस आया, जिससे एकाएक हडक़म्प मच गया। बाद में करीब दो घण्टे की कड़ी मशक्कतसे लोगों ने अजगर को पकडक़र जंगल में छोड़ा।
रेलवे स्टेशन क्षेत्र निवासी ईशाक मोहम्मद उस्ता के घर में करीब 15 फीट लम्बा अजगर दिखने से परिवार के लोगों में दहशत फैल गई। सूचना पर उसके परिचित व रिश्तेदार मौके पर पहुंचे। इन्होंने वनकर्मियों को फोन से सूचना कर मौके पर बुलाने का प्रयास किया, परन्तु वहां किसी ने फोन रिसिव नहीं किया। इसके बाद गांगागुड़ा निवासी तेजप्रकाश कालबेलिया को बुलाया गया। उसने मौके पर पहुंच लोगों की मदद से काफी मशक्कत के बाद अजगर को पकडक़र जंगल में छोड़ा। इस दौरान फखरुद्दीन मंसूरी, वहीद भाई उस्ता, मदनलाल आदि मौजूद थे।

लाल मुंह के बंदरो का आतंक
भीम. कस्बे के निचला बाजार, पड़ाव, महावीर कॉलोनी, इन्दिरा कॉलोनी क्षेत्र में लाल मुंह के बंदरों के आतंक के चलते क्षेत्रवासियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। क्षेत्र के सम्पतराज शर्मा सहित लोगों ने बताया कि बंदर आने-जाने वाले लोगों से सामग्री छीन लेते हैं। आवाजाही के दौरान एवं घरों में हमला कर बच्चों व महिलाओं को काट लेते हैं, जिससे कई लोग जख्मी हो चुके हैं। बंदरों के झुण्ड की उछल-कूद से कई घरों में नुकसान हो चुका है। बताया कि बंदरों को भगाने का प्रयास करने पर वे और आक्रामक हो जाते हंै, जिससे उनके हमला करने की आशंका बनी रहती है। इस संबंध में ग्रामीणों ने प्रशासन को अवगत करवाया पर कोई कार्रवाई नहीं की गई।

उसरवास के आबादी क्षेत्र में पैंथर ने किया गाय का शिकार
सेमा. क्षेत्र के उसरवास ग्राम पंचायत मुख्यालय पर स्थित जोशियों की तलाई मुख्य बस्ती में आधी रात के बाद पैंथर ने एक घर के बाहर बने आंगन में बंधी गाय का शिकार कर लिया। गांव के हेमन्त गहलोत ने बताया कि मगनी बाई बलाई की गाय को पैंथर ने शिकार बनाया। बताया कि घटना के वक्त वह घर में ही सो रही थी कि गाय के जोर-जोर से रंभाने की आवाज सुनाई दी। इस पर उसे पैंथर के हमले की आशंका हुई, जिस पर उसने घर के अंदर से ही चिल्लाकर पड़ासियों को जगाने का प्रयास किया पर उसकी आवाज किसी ने नहीं सुनी। बाद में कुछ देर बाद जाग होने पर लोग आए लेकिन तब तक पैंथर गाय का शिकार कर जा चुका था। गांव में आबादी के बीच इस घटना के चलते ग्रामीणों में दहशत का माहौल बना हुआ है। ग्रामीणों ने बताया कि गांव में पिछले एक वर्ष के दौरान पैंथर द्वारा पालतु पशु के शिकार की यह पांचवीं घटना है। बताया कि ग्रामीण कई बार वन विभाग और प्रशासन से गांव में पिंजरा लगाकर पैंथर को पकडऩे की मांग कर चुके हैं, लेकिन किसी ने सुनवाई नहीं की।

Published on:
08 Oct 2018 08:16 pm