राजसमंद. मार्च माह इस बार उत्सव, धार्मिक आस्था और सामाजिक आयोजनों की रंगत से सराबोर रहेगा। पूरे महीने व्रत-त्योहारों, मेलों और विभिन्न धर्मों के कार्यक्रमों की धूम रहेगी। ऋतु परिवर्तन के साथ लोगों के खान-पान और पहनावे में भी बदलाव नजर आएगा, वहीं वैवाहिक कार्यक्रमों की भी रौनक बढ़ेगी। माह की शुरुआत प्रदोष व्रत से होगी। […]
राजसमंद. मार्च माह इस बार उत्सव, धार्मिक आस्था और सामाजिक आयोजनों की रंगत से सराबोर रहेगा। पूरे महीने व्रत-त्योहारों, मेलों और विभिन्न धर्मों के कार्यक्रमों की धूम रहेगी। ऋतु परिवर्तन के साथ लोगों के खान-पान और पहनावे में भी बदलाव नजर आएगा, वहीं वैवाहिक कार्यक्रमों की भी रौनक बढ़ेगी। माह की शुरुआत प्रदोष व्रत से होगी। इसके बाद 2 मार्च को फाल्गुन पूर्णिमा पर होलिका दहन और 3 मार्च को धूलंडी मनाई जाएगी। इस अवसर पर लोग रंग-गुलाल से एक-दूसरे को रंगेंगे और घरों में पारंपरिक मिठाइयों व पकवानों की खुशबू छाएगी। इसके बाद 4 मार्च से चैत्र माह का शुभारंभ होगा। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार चैत्र मास पर्व-त्योहारों, व्रत-उपवास, मेलों और मांगलिक आयोजनों का विशेष समय माना जाता है। इसी दौरान ऋतु परिवर्तन भी स्पष्ट रूप से महसूस होने लगेगा और धीरे-धीरे गर्मी दस्तक देगी।
हिंदू पंचांग के अनुसार 9, 10, 11 और 12 मार्च को विवाह के शुभ मुहूर्त निर्धारित किए गए हैं। इसके अतिरिक्त व्यापार प्रारंभ तथा गृह एवं आवास संबंधी कार्यों के लिए भी शुभ समय रहेगा। चैत्र माह के बाद वैशाख (अप्रैल) में भी विवाह, व्यापार और आवास से जुड़े कई शुभ मुहूर्त आएंगे।