राजसमंद लोकसभा सीट पर कांग्रेस प्रत्याशी बदलना तय, मेवाड़ के दिग्गज नेता पर टिकट थोपने का भी लगाया आरोप
राजसमंद लोकसभा सीट के कांग्रेस उम्मीदवार सुदर्शन सिंह रावत ने पार्टी को अपना टिकट तीसरे ही दिन लौटा दिया है। इस सीट पर प्रत्याशी बदलना लगभग तय है। दो दिन ‘नॉट रिचेबल’ रहे उम्मीदवार सुदर्शन ने बुधवार को प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविन्द सिंह डोटासरा को पत्र लिखकर अपना निर्णय बता दिया है।
कांग्रेस उम्मीदवार सुदर्शन सिंह ने पत्रिका को बताया कि वह एक माह पहले से ही पार्टी को अपना फैसला बता चुके थे, लेकिन उम्मीदवारों की सूची में नाम देखकर चौंक गए। उन्होंने साफ कहा कि वह निजी कारणों से चुनाव नहीं लड़ेंगे। नए प्रत्याशी के चुनाव प्रचार में समयानुकूल उपलब्धता के मुताबिक सहयोग करेंगे। डोटासरा को लिखे पत्र में उन्होंने मेवाड़ के एक दिग्गज नेता के इशारे पर टिकट ‘थोपने’ का भी आरोप लगाया, लेकिन उन्होंने नाम जाहिर नहीं किया।
मेरी रणनीतिक तैयारी नहीं थी, रायशुमारी के बावजूद टिकट
पत्र में रावत ने कहा कि इन सबके उपरान्त गत विधानसभा चुनावों से पूर्व मेवाड़ के राजनीतिक परिदृश्य को बदलने वाले घटनाक्रमों के कारण परिणाम अनुकूल नहीं रहे। हमें पराजय का सामना करना पड़ा। हमने जनादेश को स्वीकार किया। गत एक माह में लोकसभा चुनाव की रायशुमारी व चर्चा के दौरान मैंने कई बार प्रदेश के सभी शीर्ष नेताओं को लोकसभा चुनाव लडऩे में असमथर्ता जताई, क्योंकि यह मेरी व्यक्तिगत राय थी कि ऐतिहासिक विकास कार्यों के बावजूद गत विधानसभा चुनाव की पराजय के मात्र चार माह बाद मुझे यह नैतिक अधिकार नहीं है एवं तर्कसंगत भी नहीं कि मैं लोकसभा चुनाव लडूं। न मेरी इसको लेकर कोई रणनीतिक तैयारी थी। मेरे विदेश में व्यापार के सिलसिले में अगले दो माह तक दौरे रहने का कार्यक्रम था। अत: किसी युवा एवं इच्छुक व्यक्ति को मौका देकर उम्मीदवार बनाया जाए।
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मेरी उनसे बात नहीं हो पाई। टिकट घोषित होने के बाद उन्होंने कोई प्रतिक्रिया नहीं दी। जानकारी मिली है कि उन्होंने मना किया है। पार्टी के पास और भी उम्मीदवार हैं। पार्टी की उच्च स्तरीय बैठक आज हो रही है, जिसमें नया नाम सामने आ सकता है।
हरि सिंह राठौड़, जिलाध्यक्ष, कांग्रेस