शाह ने जामताड़ा से जन आशीर्वाद यात्रा को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इसी के साथ झारखंड विधानसभा चुनाव अभियान की औपचारिक शुरुआत हुई।
जामताड़ा। झारखंड के जामताड़ा पहुंचे भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने बुधवार को कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार ने पाकिस्तान को अपनी जगह दिखाने का और डंके की चोट पर अनुच्छेद 370 को बेअसर करने का काम किया है। उन्होंने कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी को चुनौती देते हुए कहा कि वे महाराष्ट्र, झारखंड और हरियाणा विधानसभा चुनाव में प्रचार के लिए जाए, तो अनुच्छेद 370 पर पार्टी के दृष्टिकोण को स्पष्ट करें।
शाह ने जामताड़ा से जन आशीर्वाद यात्रा को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इसी के साथ झारखंड विधानसभा चुनाव अभियान की औपचारिक शुरुआत हुई। जामताड़ा के काली मंदिर मैदान में आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए अमित शाह ने पार्टी कार्यकर्ताओं और आमजन का आह्वान किया कि अगले पांच वर्ष के लिए फिर से रघुवर दास के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार को समर्थन दें। मुख्यमंत्री रघुवर दास के नेतृत्व में विकास के लिए काम हुआ और झारखंड में बदलाव लाने का प्रयास किया गया है। अब मुख्यमंत्री जन आशीर्वाद यात्रा लेकर निकले है, लोग समर्थन दें और फिर से राज्य में भाजपा सरकार बनाकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को मजबूती प्रदान करें। उन्होंने कहा कि अब झारखंड की जनता को यह तय करना है कि लोग ऐसा निर्णय करने वाले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ है या इसका विरोध करने वाले कांग्रेस या झामुमो के साथ है।
गृहमंत्री ने का कि देश की एकता-अखंडता पर पक्ष-विपक्ष की बात नहीं होनी चाहिए। 1971 में जब पाकिस्तान से अलग होकर बांग्लादेश अलग देश बना था, तो विपक्ष में रहते हुए अटल बिहारी वाजपेयी ने सरकार का समर्थन किया था, बाद में जब पीवी नरसिंहा राव की सरकार के समय संयुक्त राष्ट्र में कश्मीर का मुद्दा उठा, तो तत्कालीन प्रधानमंत्री ने विपक्ष के नेता अटल बिहारी वाजपेयी को देश की ओर से अपनी बात रखने के लिए यूएन भेजा था। लेकिन आज जब देश की एकता-अखंडता और विरोधियों को जवाब देने के लिए भारत सर्जिकल स्ट्राइक करता है, एयर स्ट्राइक करता है, तो विरोधियों की ओर से जवाब मांगा जाता है। अनुच्छेद 370 को बेअसर करने के लिए संसद में जब वोटिंग हुई, तो कांग्रेस और झामुमो ने विरोध किया, जनता राहुल गांधी से यह जानना चाहती कि कांग्रेस पार्टी का इस मसले पर दृष्टिकोण क्या है।