
मामला-अल्कोहल प्लांट की भूमि पर विकसित हो रहे औद्योगिक क्षेत्र में ग्रिड निर्माण का
फोटो-आरटी1814-अल्कोहल प्लांट की भूमि पर निर्माणाधीन ग्रिड
रतलाम. अल्कोहल प्लांट की भूमि पर ग्रिड व बिजली लाइन के लिए पांच करोड़ 41 लाख रुपए स्वीकृत हुए हैं। दोनों को भरपूर उद्योगों को भरपूर बिजली आपूर्ति के लिए 220 केवी से ग्रिड तक 33 केवी लाइन लाना है। इसको लेकर इसमें नया मोड आ गया है। अब 220 केवी ग्रिड से औद्योगिक क्षेत्र के ग्रिड तक 33 केवी की नौ किलोमीटर लंबी लाइन लाने का जिम्मा एमपीआईडीसी को दे दिया है। इसके बदले मप्र लघु उद्योग निगम एमपीआईडीसी को 2.30 करोड़ रुपए देगा। लघु उद्योग निगम ग्रिड से ग्रिड तक सिर्फ 500 मीटर की 33 लाइन डालेगा। इससे उनके ग्रिड को बिजली मिल जाएगी।
मप्र लघु उद्योग निगम व एमपीआईडीसी अल्कोहल प्लांट की भूमि पर अलग-अलग औद्योगिक क्षेत्र विकसित कर रहे हैं। इसके लिए दोनों स्थानों के लिए बिजली की आवश्यकता है। इसके लिए एमपीआईडीसी 33 केवी लाइन लाने की तैयारी कर रहा है। ऐसे में एक काम के लिए दोगुना राशि खर्च न हो इसके लिए यह रास्ता निकाला गया है।
अब 3.96 करोड़ की राशि से काम होगा
अल्कोहल प्लांट की भूमि पर 33/11 केवीए का सब स्टेशन के लिए 6 करोड़ से अधिक राशि स्वीकृत हुई है। 33 केवीए की लाइन के लिए एलयूएन 2.30 करोड़ रुपए एमपीआईडीसी को देगा। शेष कार्य 3.96 करोड़ रुपए में पूर्ण करना है।
ये कार्य करेगा एलयूएन
कंट्रोल रूम-एक
पांच एमवीए का पॉवर ट्रांसफार्मर-1
11 केवी लाइन- 2600 मीटर
33 केवीए की लाइन- 500 मीटर
100 केवीए के ट्रांसफार्मर- 12
200 केवीए के ट्रॉसफार्मर-07
लाइन के लिए पोल- करीब 80
आधी राशि देंगे एमपीआईडीसी को
फोटो-आरटी1815-डीआर निगवाल
अल्कोहल प्लांट की भूमि पर विकसित हो रहे औद्योगिक क्षेत्र की ग्रिड तक के लिए 33 केवी लाइन के लिए एमपीआईडीसी को जिम्मेदारी दी है। हम उन्हें 2.30 करोड़ की राशि देंगे। हमें सिर्फ 500 मीटर लाइन डालना होगी। इससे शासन की राशि बचेगी। दोनों को अलग-अलग लाइन नहीं डालना पड़ेगी।
डीआर निगवाल, महाप्रबंधक, मप्र लघु उद्योग निगम संभाग, इंदौर