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रतलाम रेलवे स्टेशन पर यात्रियों से ज्यादा वसूली, सील किया गया स्टॉल, सीलिंग के बाद भी नहीं रुकी बिक्री

Railway stall: रेलवे स्टेशन पर अतिरिक्त वसूली वाली स्टॉल को वाणिज्य विभाग ने सील किया, लेकिन केवल पर्दे लगाकर कारोबार जारी रहा। निगरानी पर सवाल उठने से यात्री परेशान हैं।
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Updated: 6 Nov 2026, 12:37 PM IST
स्टेशन में पर्दा डालकर कारोबार (Photo Source - Patrika)
स्टेशन में पर्दा डालकर कारोबार (Photo Source - Patrika)

Ratlam news:मध्यप्रदेश के रतलाम रेलवे स्टेशन पर यात्रियों की जेब पर अतिरिक्त वसूली का बोझ डालने वाली स्टॉल पर कार्रवाई करने पहुंचे वाणिज्य विभाग के अधिकारियों ने दुकान तो सील कर दी, लेकिन कारोबार बंद नहीं करा पाए। स्टॉल को पूरी तरह बंद करने के बजाय केवल पर्दे लगाकर सीलिंग की औपचारिकता पूरी कर दी गई। अधिकारी कार्रवाई का संदेश देकर रवाना हो गए और पर्दे की आड़ में स्टॉल का कारोबार चलता रहा। प्लेटफॉर्म नंबर चार की स्टॉल पर यात्रियों से निर्धारित दर से अधिक राशि वसूलने की शिकायत के बाद वाणिज्य विभाग के अधिकारी मौके पर 1 नवंबर को पहुंचे थे।

शिकायत को गंभीरता से लेते हुए स्टॉल को सील करने की कार्रवाई की गई। नियमानुसार कार्रवाई का उद्देश्य दुकान को पूरी तरह बंद कर कारोबार रोकना होना चाहिए था, लेकिन मौके पर स्टॉल के सामने केवल पर्दे लगा दिए गए। इससे कार्रवाई की मंशा पर ही सवाल उठने लगे। जमीनी हकीकत यह है कि जिस स्टॉल को अधिकारियों ने सील किया था, वहां पर्दे की आड़ में कारोबार संचालित धड़ल्ले से हो है।

वाणिज्य निरीक्षक की निगरानी पर भी सवाल

स्टेशन पर तैनात वाणिज्य निरीक्षक सहित अन्य वाणिज्य अधिकारियों की जिम्मेदारी स्टॉलों की गतिविधियों और यात्रियों से निर्धारित दर पर ही वसूली सुनिश्चित करने की है। इसके बावजूद सील की गई स्टॉल पर पर्दे की आड़ में कारोबार जारी रहने की स्थिति विभागीय निगरानी पर सवाल खड़े कर रही है। इस मामले में सबसे बड़ा सवाल यह है कि सीलिंग की कार्रवाई के बाद भी स्टॉल संचालक को कारोबार करने की छूट कैसे मिल रही है। यदि स्टॉल वास्तव में बंद की गई थी, तो वहां से खाद्य सामग्री और अन्य सामान की बिक्री कैसे जारी है।

कई बार मिल चुकी है शिकायत

यात्रियों का कहना है कि रेलवे स्टेशन पर निर्धारित दर से अधिक कीमत वसूलने की शिकायतें पहले भी सामने आती रही हैं। ऐसे में कार्रवाई के बाद भी कारोबार जारी रहना यात्रियों के साथ-साथ रेलवे की व्यवस्था पर भी सवाल खड़े करता है। विभाग ने सीलिंग के दौरान स्टॉल संचालक को क्या निर्देश दिए थे और उनकी निगरानी की जिम्मेदारी किस अधिकारी की थी, यह भी स्पष्ट नहीं है। अब देखना होगा कि वाणिज्य विभाग इस मामले में आगे क्या कार्रवाई करता है और यात्रियों को तय दर पर सामान उपलब्ध कराने के लिए क्या कदम उठाए जाते हैं।

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6 Nov 2026, 12:37 PM IST
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