ज्योतिष शास्त्र: बुध की स्थिति कमजोर होती है तो व्यक्ति को नौकरी या व्यापार में असफलता, आर्थिक तंगी, रिश्तों में मनमुटाव और वाक् क्षमता कमजोर होना आदि जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है। तो आइए जानते हैं ज्योतिष शास्त्र के अनुसार बुध ग्रह को मजबूत करने के लिए कौन से उपाय किए जा सकते हैं...
ज्योतिष शास्त्र के अनुसार जिन लोगों की कुंडली में बुध ग्रह मजबूत होता है, उनको शिक्षा, व्यापार में सफलता मिलने के साथ ही उनके निजी रिश्ते भी काफी मजबूत होते हैं। ऐसा इसलिए क्योंकि बुध ग्रह आपकी वाणी, संवाद, बुद्धि और गणित का कारक ग्रह माना गया है। इसलिए यदि किसी जातक की कुंडली में बुध की स्थिति कमजोर होती है तो व्यक्ति को नौकरी या व्यापार में असफलता, आर्थिक तंगी, रिश्तों में मनमुटाव और वाक् क्षमता कमजोर होना आदि जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है। तो आइए जानते हैं ज्योतिष शास्त्र के अनुसार बुध ग्रह को मजबूत करने के लिए कौन से उपाय किए जा सकते हैं...
1. दरिद्रता दूर करने के लिए
ज्योतिष शास्त्र के अनुसार घर की दरिद्रता दूर करने के लिए बुधवार के दिन भगवान गणेश की सफेद रंग की मूर्ति घर के मंदिर में स्थापित करें और फिर 7 बुधवार तक नियमित रूप से भगवान गणेश की पूजा और व्रत करें। इसके बाद सातवें बुधवार को अपने व्रत का उद्यापन करके मूंग दाल का दान करें।
2. धन और व्यवसाय में सफलता के लिए
बुधवार के दिन किसी किन्नर को थोड़े पैसे और श्रृंगार सामग्री दान करने से ज्योतिष शास्त्र के अनुसार व्यापार अथवा नौकरी में सफलता के साथ ही आपकी आर्थिक स्थिति में भी सुधार होता है।
3. कुंडली में बुध को प्रबल करने के लिए
जिन लोगों की कुंडली में बुध ग्रह की स्थिति कमजोर होती है, उन्हें प्रतिदिन भगवान गणपति की मूर्ति या तस्वीर के सामने बैठकर ’ॐ बुधाय नमः’ मंत्र का जाप करना चाहिए।
4. कार्यों में सफलता पाने हेतु
अगर आपके काम बार-बार बिगड़ रहे हैं तो हर बुधवार को हरे रंग के वस्त्र धारण करें या फिर आप हरे रंग का कोई रुमाल भी अपनी जेब में रख सकते हैं। इसके अलावा ज्योतिष शास्त्र के अनुसार काम के लिए बाहर जाते वक्त सौंफ खाकर जाना भी शुभ माना जाता है। इससे आपके काम में आने वाली बाधाएं दूर होती हैं।
5. भगवान गणेश की कृपा बनाए रखने के लिए
भगवान गणेश की कृपा बनाए रखने और बुध ग्रह को मजबूत रखने के लिए यूं तो आप कभी भी गाय को घास खिला सकते हैं, लेकिन ज्योतिष शास्त्र के अनुसार साल में कम से कम एक बार अपने वजन के बराबर घास किसी गौशाला में दान करना शुभ माना जाता है।