महाशिवरात्रि व्रत में क्या खाएं और क्या नहीं? जानें फलाहारी भोजन की पूरी लिस्ट, चाय-कॉफी पीने के नियम, पूजा विधि और व्रत खोलने का सही तरीका।
Mahashivratri Vrat Food Guide :महाशिवरात्रि के उपवास में सात्विक और फलाहारी आहार का विशेष महत्व है। साबूदाना, कुट्टू, सिंहाड़ा, राजगिरा, आलू, मखाना, दूध-दही और सूखे मेवे जैसे हल्के और शुद्ध भोजन का सेवन किया जा सकता है, जबकि लहसुन, प्याज और अनाज से परहेज करना चाहिए। व्रत के दौरान मन, वचन और कर्म की पवित्रता भी उतनी ही आवश्यक है। पूजा के बाद अगले दिन शुभ मुहूर्त में व्रत खोलें और पहले भगवान को भोग लगाकर फिर स्वयं भोजन करें।
ये सवाल हर साल सामने आता है, और सच कहें तो कई लोग इसको लेकर कन्फ्यूज भी रहते हैं। महाशिवरात्रि भगवान शिव को समर्पित सबसे खास और पावन त्योहारों में से एक है। इस दिन लोग उपवास रखते हैं, शिवजी की पूजा करते हैं, और रातभर जागकर भक्ति में लीन रहते हैं। व्रत रखने वालों के मन में अक्सर यही चलता रहता है। क्या खाएं, क्या न खाएं, और चाय-कॉफी पी सकते हैं या नहीं?
अब सीधी बात करें तो इस दिन सात्विक और फलाहारी चीजें ही खानी चाहिए। मतलब, वो सब जो हल्का और शुद्ध हो। आप फल खा सकते हैं, दूध, दही और पनीर ले सकते हैं। चाय और कॉफी भी पी सकते हैं लेकिन ये तब, जब आप फलाहारी व्रत रख रहे हैं। अगर निर्जला व्रत रखते हैं तो फिर पानी भी नहीं पिएंगे।
इसके अलावा, साबूदाना (खिचड़ी या वड़ा), कुट्टू या सिंहाड़े का आटा (पूड़ी या पकौड़ी), राजगिरा (रामदाना), आलू से बनी चीजें, मखाना, मूंगफली, सूखे मेवे भी खा सकते हैं। सेंधा नमक, टमाटर, जीरा और देसी घी इस्तेमाल कर सकते हैं।
अब बात करें कि क्या नहीं खाना चाहिए तो बस तामसिक चीजों से दूर रहें। लहसुन, प्याज, और अनाज वगैरह इस दिन बिल्कुल न लें। पूजा का दिन है, तो थोड़ा संयम रखें, यही अच्छा है।
महाशिवरात्रि के दिन सुबह जल्दी उठो, नहाओ और साफ कपड़े पहन लो। फिर व्रत का संकल्प लो। शिवलिंग पर जल, दूध, बेलपत्र, धतूरा और फल चढ़ाओ। मंत्र जपो, मन शांत रखो और ध्यान लगाओ। कोशिश करो कि गुस्सा, झूठ या नकारात्मक सोच से दूर रहो। जितना हो सके, मंत्रों का जाप करते रहो और किसी का अपमान मत करो। महाशिवरात्रि की रात जागना बहुत शुभ माना गया है, तो भजन-किर्तन करो, ध्यान लगाओ। व्रत के दौरान मन और शरीर की पवित्रता बेहद ज़रूरी है। अगले दिन शुभ समय पर व्रत खोलो, सबसे पहले भगवान को भोग लगाओ, उसके बाद खुद कुछ खाओ।