गणेश चतुर्थी की तरह ही गणेश विसर्जन के दिन भी भक्तों में काफी उत्साह देखने को मिलता है। पूरा वातावरण बप्पा के नारों से भक्तिमय हो जाता है। इस साल गणेशोत्सव के अंतिम दिन यानि 9 सितंबर 2022 को गणेश विसर्जन किया जाएगा। लेकिन इससे पहले इन बातों को जान लेना भी आवश्यक है...
Ganpati Visarjan 2022: इस साल गणेश चतुर्थी का त्योहार 31 अगस्त को मनाया गया जिसके साथ ही गणेशोत्सव की शुरुआत हुई। गणेशोत्सव का अंतिम दिन अनंत चतुर्दशी होता है। यानी इस साल 9 सितंबर 2022 को गणेश विसर्जन किया जाएगा। इस दिन पूरे विधि-विधान के साथ गणपति जी की मूर्ति की पूजा के बाद उसका विसर्जन किया जाता है। गणेश चतुर्थी के साथ ही गणेश विसर्जन के दिन भी भक्तों में काफी उत्साह देखने को मिलता है। पूरा वातावरण बप्पा के नारों से भक्तिमय हो जाता है। गणेश विसर्जन के दिन भक्तजन बप्पा से जल्द ही अगले वर्ष लौटकर आने की प्रार्थना करते हैं। ऐसे में इस शुभ दिन को और मंगलमय बनाने के लिए गणेश विसर्जन के समय कुछ खास बातों का ख्याल रखना भी आवश्यक है। तो आइए जानते हैं गणेश विसर्जन के नियम...
गणेश विसर्जन के समय इन बातों का रखें ख्याल
गणपति विसर्जन वाले दिन भगवान गणेश की मूर्ति को एक नई चौकी पर विराजित करें। इसके बाद रोजाना की तरह भगवान गणेश की विधिवत पूजा करें। इसके लिए गणेश जी को जल, चंदन, अक्षत, फूल, पान, सुपारी, दूर्वा, नारियल और जनेऊ आदि अर्पित करें। फिर धूप, अगरबत्ती, कपूर और घी का दीपक जलाकर गणेश जी की आरती गाएं। इसके बाद भगवान गणेश को उनके मनपसंद मोदक तथा लड्डू का भोग लगाएं। पूजन के बाद गणेश जी से हाथ जोड़कर क्षमा-याचना करें और आशीर्वाद प्राप्ति की प्रार्थना करें। तत्पश्चात बप्पा की मूर्ति को नाचते-गाते और भजन, कीर्तन करते हुए जुलूस के रूप में विजर्सन के लिए लेकर जाएं। वहीं याद रखें कि विसर्जन के समय काले कपड़े न पहनें, किसी भी तरह का नशा न करें और न ही किसी से लड़ाई-झगड़ा करें अन्यथा बप्पा नाराज हो सकते हैं।
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